n NBT न्यूज़,ग्रेटर नोएडा
शहर में भीषण गर्मी के बीच पीने के पानी का संकट बढ़ता जा रहा है। आलम यह है कि सेक्टर और सोसायटियों में पीने का पानी तक नहीं मिल रहा। ग्रेनो वेस्ट की सुपरटेक ईको विलेज 3 सोसायटी में दो सप्ताह से पानी की सप्लाई बाधित है। इस कारण यहां रहने वाले करीब दो हजार परिवार परेशान हैं। तीन से चार टावरों में सोमवार दोपहर से ही पानी की सप्लाई बाधित है। निवासियों का आरोप है कि पानी की समस्या पर ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण और प्रबंधन से शिकायत करने के बाद भी दोनों पक्ष एक-दूसरे पर बात टाल रहे हैं। पीने के पानी के लिए टैंकर तक की व्यवस्था नहीं की गई।
प्रेशर इतना कम कि एक बाल्टी भरने में लग रहा आधा घंटा
सोसायटी के निवासी मृत्युंजय झा ने बताया कि परिसर के 11 टावरों में करीब दो हजार परिवार रह रहे हैं। कई दिनों से किसी न किसी टावर में पीने के पानी का संकट है, जिसका खमियाजा लोगों को भुगतना पड़ रहा है। लोग पानी के कम प्रेशर की समस्या से भी जूझ रहे हैं। उन्होंने कहा कि कई फ्लैटों में बीच-बीच में पानी आना बंद हो जाता है। कई टावरों में पानी आने के बाद एक बाल्टी भरने में आधा घंटा लगता है। आरोप है कि सोमवार दोपहर 12 बजे से चार टावरों में पीने का पानी आया ही नहीं। लोगों ने मेसेज कर प्रबंध को इसकी शिकायत दी। बताया गया कि ग्रेनो प्राधिकरण की तरफ से पर्याप्त जलापूर्ति नहीं हो रही। इस वजह से अंडरग्राउंड टैंक खाली हो गए हैं। आरोप है कि पीने के पानी की समस्या को लेकर ग्रेनो प्राधिकरण में शिकायत करने पर पानी का प्रेशर और सप्लाई पूरी होने की बात बताई जाती है। मेंटिनेंस टीम से पूछने पर ग्रेनो प्राधिकरण की सप्लाई में खामियां बताई जा रही हैं। ऐसे में दोनों लोग एक-दूसरे पर अपनी बात को डाल रहे हैं, निवासियों की समस्या जस की तस बनी हुई है। ग्रेटर नोएडा वेस्ट की विभिन्न सोसायटियों में गंगाजल सप्लाई बाधित पड़ी है। नेफोवा के पदाधिकारी दीपांकर कुमार ने बताया कि इस एरिया में हाईराइज सोसायटियों की संख्या बढती जा रही है, लेकिन पीने के पानी की समस्या हल नहीं हो पा रही। अथॉरिटी से कई साल से गंगाजल सप्लाई की मांग कर रहे हैं, लेकिन सिर्फ लाइन बिछाने की बात कहकर खानापूर्ति हो रही है।
सेक्टरों में भी समस्या
ग्रेटर नोएडा के सेक्टर अल्फा 2 में पानी की समस्या बनी हुई है। सेक्टर के निवासी आशीष ने बताया कि गर्मी के दिनों में पानी और बिजली की समस्या ने हाल बेहाल कर दिया है। सुबह, दोपहर और शाम के समय पानी की सप्लाई न के बराबर हो रही। आरोप है कि पानी की मुख्य सप्लाई आने के बाद भी प्रेशर बेहद कम रहता है, ऐसे में रोजमर्रा के कामकाज नहीं हो पा रहे। पीने और खाना बनाने के लिए बाहर से पानी लाना पड़ रहा है। सेक्टर ओमीक्रॉन वन, सेक्टर ईटा वन, सेक्टर जू वन और सेक्टर जीटा में भी पानी का संकट कम होने का नाम नहीं ले रहा।

