Noida Fake Voter List Exposed Sps Serious Allegations Against Bjp Commission Seeks Report
सपा ने लगाया फर्ज़ी मतदाताओं के नाम जोड़ने का आरोप, आयोग ने मांगी रिपोर्ट
नवभारत टाइम्स•
नोएडा में मतदाता सूची में फर्जीवाड़े का आरोप लगा है। समाजवादी पार्टी ने भारतीय जनता पार्टी पर सत्तापक्ष के इशारे पर बड़ी संख्या में फर्जी मतदाताओं के नाम जोड़ने का दावा किया है। इस संबंध में मुख्य निर्वाचन अधिकारी को शिकायत सौंपी गई है। आयोग ने संबंधित अधिकारियों से रिपोर्ट मांगी है।
नोएडा विधानसभा क्षेत्र में मतदाता सूची में धांधली का मामला गरमा गया है। समाजवादी पार्टी (सपा) के प्रदेश अध्यक्ष श्यामलाल पाल ने भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा है कि सत्ता पक्ष के इशारे पर नोएडा के कई पोलिंग बूथों पर बड़ी संख्या में फर्जी मतदाताओं के नाम जोड़े गए हैं। इस मामले में सपा नेता ने प्रदेश के मुख्य निर्वाचन अधिकारी को एक विस्तृत शिकायत सौंपी है और उच्चस्तरीय जांच की मांग की है। मुख्य निर्वाचन अधिकारी ने मामले की गंभीरता को देखते हुए संबंधित जिलों के निर्वाचन अधिकारियों को जांच के निर्देश दिए हैं और रिपोर्ट मांगी है। जिला प्रशासन अब इन संदिग्ध नामों की पड़ताल में जुट गया है। सपा ने चेतावनी दी है कि अगर फर्जी नाम नहीं हटाए गए तो वे लोकतांत्रिक तरीके से विरोध प्रदर्शन करेंगे। इस शिकायत के बाद नोएडा के जिला निर्वाचन कार्यालय में हड़कंप मच गया है और मतदाता सूची बनाने की प्रक्रिया पर सवाल उठ रहे हैं।
सपा के प्रदेश अध्यक्ष श्यामलाल पाल ने भाजपा पर सीधा आरोप लगाया है कि नोएडा के कई पोलिंग बूथों पर जानबूझकर फर्जी मतदाताओं के नाम शामिल किए गए हैं। उन्होंने कहा कि यह सब सत्ता पक्ष के दबाव में हो रहा है ताकि चुनाव के नतीजों को प्रभावित किया जा सके। सपा ने अपनी शिकायत में विशेष रूप से नोएडा के पोलिंग बूथ संख्या 742 से 744, 766 से 797 और 803 से 811 का जिक्र किया है। इसके अलावा बूथ संख्या 749, 702, 712 और 713 पर भी फर्जीवाड़े का आरोप लगाया गया है।सपा का कहना है कि जिन मतदाताओं के नाम नई सूची में जोड़े गए हैं, उनका साल 2003 की वोटिंग लिस्ट में कोई रिकॉर्ड नहीं है। यह बात उनकी पहचान पर बड़ा सवाल खड़ा करती है। सपा अध्यक्ष ने साफ कहा कि चुनाव प्रक्रिया की पवित्रता से खिलवाड़ किया जा रहा है और यह सब भाजपा नेताओं के दबाव में हो रहा है।
इस गंभीर शिकायत के बाद, प्रदेश के मुख्य निर्वाचन अधिकारी ने तुरंत कार्रवाई की है। उन्होंने संबंधित जिलों के निर्वाचन अधिकारियों को इस मामले की जांच करने और जल्द से जल्द रिपोर्ट सौंपने का आदेश दिया है। अब जिला प्रशासन इन संदिग्ध मतदाताओं के नामों की सच्चाई का पता लगाने में जुट गया है।
सपा ने साफ चेतावनी दी है कि अगर इन फर्जी नामों को मतदाता सूची से नहीं हटाया गया, तो वे सड़कों पर उतरकर लोकतांत्रिक तरीके से अपना विरोध प्रदर्शन करेंगे। इस पूरे मामले ने नोएडा के जिला निर्वाचन कार्यालय में हलचल मचा दी है और मतदाता सूची को अपडेट करने की पूरी प्रक्रिया पर ही सवालिया निशान लग गए हैं। यह घटनाक्रम आने वाले चुनावों के लिए एक चिंता का विषय बन गया है।