गर्मी का कहर: हीटवेव के चलते स्कूलों में बड़ा बदलाव, जानें किन राज्यों में बढ़ी छुट्टियां और बदली टाइमिंग
गर्मी का कहर: हीटवेव के चलते स्कूलों में बड़ा बदलाव, जानें किन राज्यों में बढ़ी छुट्टियां और बदली टाइमिंग
NewsPoint•
देशभर में भीषण गर्मी और लू का प्रकोप जारी है। बच्चों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए दिल्ली, उत्तर प्रदेश, राजस्थान और हरियाणा सहित कई राज्यों में स्कूलों के समय में बदलाव किया गया है। कुछ जगहों पर गर्मी की छुट्टियां बढ़ा दी गई हैं। प्रशासन मौसम विभाग के अलर्ट पर नजर रखे हुए है।
देशभर में बढ़ती गर्मी और लगातार हीटवेव की मार झेल रहे स्कूली बच्चों की सुरक्षा के लिए कई राज्यों ने अहम कदम उठाए हैं। कहीं गर्मी की छुट्टियां बढ़ा दी गई हैं, तो कहीं स्कूलों के खुलने-बंद होने के समय में बदलाव किया गया है। दिल्ली, उत्तर प्रदेश, राजस्थान और हरियाणा जैसे राज्यों में प्रशासन ने बच्चों को लू और तेज धूप से बचाने के लिए एहतियाती फैसले लिए हैं। स्वास्थ्य विशेषज्ञों की मानें तो छोटे बच्चों पर हीटवेव का असर ज्यादा होता है, इसलिए स्कूलों को सावधानी बरतने की सलाह दी गई है।
राजधानी दिल्ली में तापमान लगातार सामान्य से ऊपर बना हुआ है। इस वजह से कई स्कूलों ने सुबह की क्लास शुरू करने का समय आगे बढ़ा दिया है। कुछ स्कूलों ने तो ऑनलाइन क्लास का विकल्प भी बच्चों को दिया है। शिक्षा विभाग ने सभी स्कूलों को साफ निर्देश दिए हैं कि दोपहर की तेज गर्मी में बच्चों को किसी भी सूरत में बाहर न रखा जाए। यह फैसला बच्चों को लू लगने और डिहाइड्रेशन जैसी समस्याओं से बचाने के लिए लिया गया है।उत्तर प्रदेश के कई जिलों में भी हीटवेव का असर साफ दिख रहा है। इसी को देखते हुए स्कूलों की छुट्टियां आगे बढ़ाने या स्कूल के समय में बदलाव करने के निर्देश जारी किए गए हैं। खासकर पश्चिमी उत्तर प्रदेश के इलाकों में लू का प्रकोप ज्यादा है। ऐसे में छोटे बच्चों की सुरक्षा को सबसे ज्यादा प्राथमिकता दी जा रही है। प्रशासन मौसम विभाग के अलर्ट पर लगातार नजर बनाए हुए है।
राजस्थान और हरियाणा में तो हालात काफी गंभीर बने हुए हैं। भीषण गर्मी को देखते हुए इन राज्यों के कई जिलों में स्कूलों की छुट्टियां पहले ही घोषित कर दी गई थीं या फिर उन्हें बढ़ाया जा रहा है। जिन जगहों पर स्कूल खुले हैं, वहां सुबह जल्दी कक्षाएं शुरू करने और स्कूल जल्दी छुट्टी देने का आदेश दिया गया है। यह कदम बच्चों को दिन की सबसे गर्म धूप से बचाने के लिए उठाया गया है।
अन्य राज्यों में भी स्थिति के अनुसार स्थानीय प्रशासन अपने स्तर पर निर्णय ले रहा है। कहीं स्कूल के समय में बदलाव हो रहा है, तो कहीं ऑनलाइन पढ़ाई पर जोर दिया जा रहा है। अभिभावकों से भी अपील की गई है कि वे बच्चों को खूब पानी पिलाएं और हल्का भोजन दें ताकि वे लू की चपेट में न आएं।
स्वास्थ्य विशेषज्ञों ने इस बात पर जोर दिया है कि छोटे बच्चों का शरीर गर्मी को झेलने में ज्यादा कमजोर होता है। हीटवेव की वजह से उन्हें लू लगना, शरीर में पानी की कमी (डिहाइड्रेशन) और थकान जैसी समस्याएं जल्दी हो सकती हैं। इसलिए स्कूलों को बच्चों की सुरक्षा के लिए अतिरिक्त सावधानी बरतने की सलाह दी गई है।
मौसम विभाग के अनुसार, जब तक तापमान में स्थिरता नहीं आती, तब तक स्कूलों में ये बदलाव जारी रह सकते हैं। कई राज्यों में हालात को देखते हुए गर्मी की छुट्टियों को और आगे बढ़ाया जा सकता है। कुछ जगहों पर ऑनलाइन शिक्षा को ही मुख्य विकल्प के तौर पर अपनाया जा सकता है, ताकि बच्चे सुरक्षित रहें और उनकी पढ़ाई भी जारी रहे। यह सब बच्चों के स्वास्थ्य और सुरक्षा को ध्यान में रखकर किया जा रहा है।