मथुरा में अवैध मकानों पर चलेगा बुलडोज़र

नवभारत टाइम्स

मथुरा में सिंचाई विभाग की जमीन पर बने 261 अवैध मकानों को गिराया जाएगा। प्रशासन ने ध्वस्तीकरण की कार्रवाई के लिए पुलिस बल मांगा है। इन मकानों को तीन चरणों में तोड़ा जाएगा। पहले व्यावसायिक और बिना आवास वाली भूमि को खाली कराया जाएगा। इसके बाद आवासीय मकानों को हटाया जाएगा। यह कार्रवाई जल्द शुरू होगी।

bulldozer to run on 261 illegal houses built on irrigation department land in mathura

NBT रिपोर्ट, मेरठ: मथुरा जिले में सिंचाई विभाग की ड्रेनेज भूमि पर अवैध रूप से बनाए गए 261 मकानों पर बुलडोजर चलेगा। सिंचाई विभाग इन मकानों पर 19 से 21 जनवरी तक तीन दिन नोटिस चस्पा कर लाल निशान लगा चुका है। अब प्रशासन ने ध्वस्तीकरण की कार्रवाई के लिए पुलिस विभाग से पर्याप्त संख्या में फोर्स मुहैया कराने को कहा है। मथुरा के एडीएम प्रशासन अमरेश कुमार की अध्यक्षता में हुई बैठक में ध्वस्तीकरण की कार्रवाई को लेकर बनी रणनीति में बताया गया कि सिंचाई विभाग की ड्रेनेज भूमि पर कई दशक में अवैध रूप से कब्जा कर लगभग 800 मकान बनाएं हुए हैं। सिंचाई विभाग इस जमीन पर मालिकाना हक जताने में कामयाब रहा। जिसके बाद अदालत के आदेश पर सिंचाई विभाग ने ध्वस्तीकरण की कार्रवाई को लेकर 261 मकानों को चिह्नित कर लाल निशान लगाए और नोटिस चस्पा किए।

तीन फेज में गिराए जाएंगे मकान:

सिंचाई विभाग मथुरा के एग्जीक्यूटिव इंजिनियर नवीन कुमार के मुताबिक विभाग ने 261 मकानों को तीन भागों में बांटा है। पहले में व्यावसायिक, दूसरे में बिना आवास (कब्जा की गई भूमि) और तीसरे भाग में आवासीय मकान शामिल हैं। गुरुवार से इनका सर्वे कराया जा रहा है। सर्वे पूरा होने के बाद ध्वस्तीकरण की कार्रवाई शुरू की जाएगी। सबसे पहले व्यावसायिक और बिना आवास वाली भूमि को कब्जा मुक्त कराया जाएगा। इसके बाद आवासीय भूमि को विभाग के कब्जे में लिया जाएगा।