उत्तराखंड में 15 और जगह ग्रीन सेस

नवभारत टाइम्स

उत्तराखंड में 15 फरवरी से 15 जगहों पर ग्रीन सेस लगेगा। नारसन बॉर्डर की तरह अब प्रदेश के अन्य सीमावर्ती इलाकों में भी यह व्यवस्था लागू होगी। ऑटोमेटेड कैमरे नंबर प्लेट स्कैन कर सेस वसूलेंगे। हल्के निजी वाहनों से 80 रुपये, बसों से 140 रुपये और भारी वाहनों से 700 रुपये वसूले जाएंगे। यह व्यवस्था पर्यावरण संरक्षण के लिए है।

green cess implemented at 15 places in uttarakhand know when and how much tax will be levied

NBT रिपोर्ट, देहरादून: उत्तराखंड सरकार ने राज्य के 15 सीमावर्ती क्षेत्रों को सेस वसूलने के लिए पहचाना है। फिलहाल, नारसन बॉर्डर पर अन्य राज्यों से आने वाली प्राइवेट गाड़ियों से ग्रीन सेस वसूला जा रहा है, लेकिन अब यह व्यवस्था पूरे प्रदेश में 15 फरवरी से 15 जगहों पर लागू होने जा रही है। इन सभी जगहों पर ऑटोमेटेड नंबर प्लेट रिकग्निशन (ANPR) कैमरे लगाए जा रहे हैं , जो गाड़ियों की नंबर प्लेट को स्कैन कर खुद ही सेस वसूलने की प्रक्रिया को अंजाम देंगे। ये 15 जगह हैं - आशारोड़ी , नारसन (हरिद्वार/रुड़की) , भगवानपुर , नादेही , रुद्रपुर, कुल्हाल, तिमली रेंज, गोवर्धनपुर, चिड़ियापुर, काशीपुर, जसपुर, पुल भट्टा (बरेली रोड) , खटीमा, शाहजहांपुर (शामली रोड), पांवटा साहिब बॉर्डर (देहरादून/हिमाचल)। हल्के निजी वाहनों से 80 रुपये, 12 सीट से अधिक की बसों से 140 रुपये वसूले जाएंगे। सात एक्सेल वाले भारी वाहनों से 700 रुपये ग्रीन सेस लिया जाएगा ।