Builder Stops Facilities For Not Increasing Maintenance Charge Angry Residents Protest
मेंटिनेंस चार्ज नहीं बढ़ने दिया तो बिल्डर प्रबंधन ने रोकी सुविधाएं
नवभारत टाइम्स•
ग्रेनो वेस्ट की इरोज संपूर्णम सोसायटी में बिल्डर प्रबंधन ने मेंटिनेंस चार्ज न बढ़ाने पर सुविधाएं बंद कर दी हैं। सुरक्षा गार्ड, हाउसकीपिंग और बिजली आपूर्ति रोकी गई है। 2000 परिवार परेशान हैं। निवासियों ने ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण और डीएम कार्यालय में शिकायत की है। बिल्डर प्रबंधन पर मूलभूत सुविधाएं बंद करने का आरोप है।
ग्रेनो वेस्ट सेक्टर-2 की इरोज संपूर्णम सोसायटी में बिल्डर प्रबंधन ने मेंटेनेंस चार्ज न बढ़ाने पर शुक्रवार को सुरक्षा गार्ड, हाउसकीपिंग स्टाफ और बिजली की सप्लाई जैसी जरूरी सुविधाएं बंद कर दीं। इससे सोसायटी में रह रहे करीब 2000 परिवारों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। नाराज निवासियों ने गेट पर हंगामा किया और ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण व डीएम कार्यालय में लिखित शिकायत दर्ज कराई है। उनका आरोप है कि बिल्डर प्रबंधन जानबूझकर लोगों को परेशान करने के लिए बुनियादी सुविधाएं भी बंद कर रहा है।
सोसायटी के एओए अध्यक्ष दीपांकर कुमार, सचिव श्वेता तिवारी, अजीत और ललित कॉल ने बताया कि मोटी रकम और एडवांस चार्ज देने के बावजूद बिल्डर प्रबंधन मेंटेनेंस चार्ज बढ़ाने का दबाव बना रहा है। जब निवासी इस बढ़ोतरी का विरोध कर रहे हैं, तो बिल्डर ने शुक्रवार से सभी मूलभूत सुविधाएं बंद कर दीं। सुबह करीब 10 बजे से बिजली की आपूर्ति काट दी गई है, जिससे घरों में अंधेरा छा गया है। निवासियों को कई तरह की दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।सबसे हैरानी की बात यह है कि एनपीसीएल (NPCIL) के ऐप पर बिजली आपूर्ति चालू दिखाई जा रही है, लेकिन सोसायटी में अंधेरा है। निवासियों का सीधा आरोप है कि बिल्डर प्रबंधन ने खुद ही बिजली काटी है ताकि लोगों को मुश्किल में डाला जा सके। बिजली काटने के साथ-साथ डीजी (DG) जनरेटर का संचालन भी बंद कर दिया गया है। सुबह अचानक लाइट जाने से पांच लोग लिफ्ट में फंस गए थे, जिन्हें बड़ी मुश्किल से बाहर निकाला गया। यह घटना बिल्डर की मनमानी को साफ दर्शाती है।
निवासी लगातार मेंटेनेंस चार्ज बढ़ाने के बिल्डर के दबाव का विरोध कर रहे हैं। उनका कहना है कि वे पहले ही मोटा और एडवांस चार्ज दे चुके हैं। ऐसे में, बिल्डर द्वारा सुविधाओं को बंद करना सरासर गलत है। इस मामले को लेकर निवासियों ने प्रशासन से न्याय की गुहार लगाई है। वे चाहते हैं कि उनकी मूलभूत सुविधाओं को बहाल किया जाए और बिल्डर प्रबंधन की मनमानी पर रोक लगाई जाए। यह घटना ग्रेटर नोएडा में बिल्डरों की तरफ से सुविधाओं को लेकर की जाने वाली मनमानी का एक और उदाहरण है।