अधूरी सड़क, रोशनी का भी इंतजाम नहीं, हादसे का खतरा

नवभारत टाइम्स

सेक्टर-99ए में हैबिटेट सोसायटी के पास रविवार रात एक टैक्सी अनियंत्रित होकर खेतों में जा गिरी। यह हादसा अधूरी सड़क और रात में रोशनी की कमी के कारण हुआ। चालक घायल हो गया। स्थानीय लोग लंबे समय से सड़क निर्माण पूरा कराने की मांग कर रहे हैं। ग्रामीणों के स्टे के कारण काम अटका है।

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सेक्टर-99एइलाके में हैबिटेट सोसायटी के पास रविवार रात करीब 10 बजे एक टैक्सी अनियंत्रित होकर सड़क से उतर गई और खेतों में जा गिरी। इस हादसे में टैक्सी चालक घायल हो गया। स्थानीय लोगों का कहना है कि यह हादसा सड़क के एक ऐसे हिस्से पर हुआ जो पिछले कई सालों से अधूरा पड़ा है और रात में यहां पर्याप्त रोशनी भी नहीं रहती। इसी वजह से यहां पहले भी कई बार दुर्घटनाएं हो चुकी हैं।

द्वारका एक्सप्रेसवे से जुड़ी 75 मीटर चौड़ी सड़क का यह हिस्सा करीब 100 मीटर तक अधूरा है। रात के अंधेरे में वाहन चालकों को आगे का रास्ता ठीक से दिखाई नहीं देता, जिससे वे अनियंत्रित हो जाते हैं। इसी कारण यह इलाका हादसों का गढ़ बन गया है। आसपास के लोगों ने तुरंत घायल चालक को बाहर निकाला और अस्पताल पहुंचाया।
स्थानीय सोसायटी के आरडब्ल्यूए अध्यक्ष दलबीर सिंह बेनीवाल ने बताया कि इस अधूरी सड़क को पूरा कराने के लिए संबंधित विभागों को कई बार लिखित शिकायतें दी गई हैं। लेकिन, पिछले 10 से 12 सालों से ग्रामीणों के स्टे (रोक) के कारण सड़क का काम अटका हुआ है। लोगों का कहना है कि इस अधूरी सड़क और अंधेरे के कारण यहां हर समय दुर्घटना का खतरा बना रहता है।

स्थानीय निवासियों ने सरकार से गुहार लगाई है कि इस लंबित विवाद को जल्द से जल्द सुलझाया जाए और सड़क का निर्माण कार्य पूरा कराया जाए। उनका कहना है कि ऐसा होने से भविष्य में होने वाली दुर्घटनाओं को रोका जा सकेगा और किसी की जान खतरे में नहीं पड़ेगी। यह सड़क का अधूरापन और रोशनी की कमी मिलकर एक खतरनाक स्थिति पैदा कर रहे हैं, जिस पर तत्काल ध्यान देने की आवश्यकता है।