अमरनाथ यात्रा 2026: दूसरे जत्थे के 3,865 श्रद्धालु बाबा बर्फानी के दर्शन के लिए रवाना, सुरक्षा कड़ी
अमरनाथ यात्रा 2026: दूसरे जत्थे के 3,865 श्रद्धालु बाबा बर्फानी के दर्शन के लिए रवाना, सुरक्षा कड़ी
NewsPoint•
जम्मू, 3 जुलाई: अमरनाथ यात्रा 2026 पूरी श्रद्धा और जोश के साथ जारी है. शुक्रवार को सुरक्षा के कड़े इंतजामों के बीच बाबा बर्फानी के दर्शन के लिए श्रद्धालुओं का दूसरा जत्था जम्मू से रवाना हुआ. इस दूसरे जत्थे में कुल 3,865 श्रद्धालु शामिल थे, जिनमें से 2,130 पहलगाम मार्ग से और 1,735 बालटाल मार्ग से बाबा के दर्शन के लिए निकले. प्रशासन ने पूरे यात्रा मार्ग पर पैनी नजर रखी है और हर गतिविधि पर ध्यान दिया जा रहा है.
श्रद्धालुओं का यह काफिला रामबन जिले से होते हुए आगे बढ़ा. प्रशासन पूरी यात्रा को सुरक्षित और सुचारू बनाने के लिए हाई अलर्ट पर है. एक श्रद्धालु ने बताया कि वह पिछले 20 सालों से लगातार अमरनाथ यात्रा कर रहे हैं. उन्होंने कहा, "हर साल यहां की व्यवस्थाएं पहले से बेहतर होती जा रही हैं." अलग-अलग राज्यों से आए सेवादार श्रद्धालुओं की सेवा में लगे हुए हैं. साधु-संतों के लिए भी अच्छी सुविधाएं दी गई हैं और सरकार ने परिवहन की भी बढ़िया व्यवस्था की है.कानपुर से आए एक अन्य श्रद्धालु ने बताया कि बाबा बर्फानी की कृपा से यह उनकी 25वीं अमरनाथ यात्रा है. उन्होंने कहा, "इस बार की व्यवस्थाएं अब तक की सबसे बेहतरीन हैं और मौसम भी बेहद सुहावना है, जिससे यात्रा और अधिक सुखद हो गई है."
वहीं, अमरनाथ यात्रा 2026 का पहला जत्था भी कड़ी सुरक्षा के बीच पहलगाम स्थित नुनवान बेस कैंप पहुंच चुका है. वहां श्रद्धालुओं का स्वागत किया गया और आगे की यात्रा के लिए जरूरी इंतजाम किए गए. उत्तर प्रदेश से आए पहले जत्थे के एक श्रद्धालु ने कहा कि वह खुद को बहुत भाग्यशाली मानते हैं कि उन्हें पहले जत्थे में बाबा बर्फानी के दर्शन का मौका मिला. उन्होंने बताया, "यह मेरी तीसरी अमरनाथ यात्रा है और मैं बहुत उत्साहित हूं."
यात्रा के दौरान सुरक्षा व्यवस्था चाक-चौबंद है. हर कदम पर सुरक्षाकर्मी तैनात हैं और किसी भी अप्रिय घटना से निपटने के लिए पूरी तैयारी की गई है. प्रशासन ने यात्रा को सुविधाजनक बनाने के लिए हर संभव प्रयास किया है. श्रद्धालुओं के लिए ठहरने, खाने-पीने और चिकित्सा सुविधाओं का भी ध्यान रखा गया है.
यह यात्रा न केवल धार्मिक महत्व रखती है, बल्कि यह जम्मू-कश्मीर के पर्यटन को भी बढ़ावा देती है. हर साल लाखों श्रद्धालु बाबा बर्फानी के दर्शन के लिए आते हैं, जिससे स्थानीय अर्थव्यवस्था को भी लाभ होता है. इस बार की यात्रा में श्रद्धालुओं का उत्साह देखते ही बन रहा है. वे भक्ति और श्रद्धा के साथ बाबा बर्फानी का आशीर्वाद लेने के लिए आगे बढ़ रहे हैं. मौसम का सुहावना होना यात्रा को और भी आनंददायक बना रहा है.