बारामूला पुलिस ने एनडीपीएस मामले में टाटा पंच गाड़ी जब्त की, नशा मुक्त जम्मू कश्मीर अभियान जारी
बारामूला पुलिस ने एनडीपीएस मामले में टाटा पंच गाड़ी जब्त की, नशा मुक्त जम्मू-कश्मीर अभियान जारी
NewsPoint•
बारामूला पुलिस ने नशा मुक्त जम्मू-कश्मीर अभियान के तहत एक बड़ी कार्रवाई करते हुए एनडीपीएस (नारकोटिक ड्रग्स एंड साइकोट्रोपिक सब्सटेंस) मामले में इस्तेमाल की गई एक टाटा पंच गाड़ी को जब्त किया है। यह कार्रवाई ड्रग तस्करी के आर्थिक नेटवर्क को तोड़ने और नशीले पदार्थों के अवैध कारोबार में शामिल लोगों पर दबाव बनाने के उद्देश्य से की गई है। पुलिस ने आम लोगों से भी संदिग्ध नशीली गतिविधियों की जानकारी देने की अपील की है।
जम्मू-कश्मीर में नशे के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत बारामूला पुलिस ने एक महत्वपूर्ण कदम उठाया है। पुलिस ने एनडीपीएस एक्ट के तहत दर्ज एक मामले में इस्तेमाल की गई टाटा पंच गाड़ी को जब्त कर लिया है। यह कार्रवाई नशा मुक्त जम्मू-कश्मीर अभियान का हिस्सा है, जिसका मुख्य उद्देश्य ड्रग तस्करी और नशीले पदार्थों से जुड़े अपराधों पर पूरी तरह से रोक लगाना है।पुलिस के अनुसार, यह जब्त की गई गाड़ी बारामूला पुलिस स्टेशन में दर्ज एक एफआईआर से संबंधित है। यह मामला एनडीपीएस एक्ट के तहत दर्ज किया गया था, जो नशीले पदार्थों से जुड़े अपराधों से निपटता है। पुलिस ने इस मामले की गहन जांच के बाद ही गाड़ी को जब्त करने का फैसला लिया।
बारामूला पुलिस का मानना है कि नशीले पदार्थों के कारोबार को खत्म करने के लिए सिर्फ तस्करों को पकड़ना काफी नहीं है। इसके साथ ही, ड्रग्स से कमाई गई संपत्ति और अपराध में इस्तेमाल होने वाले वाहनों को पहचान कर उन्हें जब्त करना भी बहुत जरूरी है। पुलिस का कहना है कि इस तरह की कार्रवाई से ड्रग तस्करी के पीछे के पैसों के जाल को कमजोर करने में मदद मिलती है। इससे उन लोगों पर भी दबाव बढ़ता है जो इस अवैध धंधे में शामिल हैं।
पुलिस ने इस बात पर जोर दिया कि जिले में नशीले पदार्थों से जुड़े अपराधों के खिलाफ यह अभियान लगातार जारी रहेगा। पुलिस का अंतिम लक्ष्य नशीले पदार्थों के खतरे को पूरी तरह से खत्म करना और एक ऐसा समाज बनाना है जो सुरक्षित हो और जहां कोई नशा न करता हो।
बारामूला पुलिस ने आम जनता से भी एक महत्वपूर्ण अपील की है। पुलिस ने लोगों से आग्रह किया है कि अगर उन्हें अपने आसपास किसी भी तरह की संदिग्ध नशीली गतिविधि दिखाई दे, तो वे तुरंत पुलिस को इसकी जानकारी दें। इससे पुलिस समय पर कार्रवाई कर सकेगी और समाज को नशे के खतरनाक जाल से बचाने में मदद मिलेगी। पुलिस का कहना है कि जनता के सहयोग से ही हम एक नशा मुक्त समाज का निर्माण कर सकते हैं।