जम्मू कश्मीर क्रिकेट एसोसिएशन के अध्यक्ष जावेद अहमद निलंबित, 35 दिन में पद से हटाए गए
जम्मू कश्मीर क्रिकेट एसोसिएशन के अध्यक्ष जावेद अहमद निलंबित, 35 दिन में पद से हटाए गए
NewsPoint•
जम्मू, 26 जून: जम्मू और कश्मीर क्रिकेट एसोसिएशन (जेकेसीए) के अध्यक्ष जावेद अहमद को उनके पद से तत्काल प्रभाव से हटा दिया गया है। जेकेसीए की एपेक्स काउंसिल के आठ सदस्यों ने मिलकर यह फैसला लिया। हालांकि, उन्हें किस वजह से हटाया गया है, इसकी कोई खास जानकारी नहीं दी गई है। जावेद अहमद ने सिर्फ 35 दिन पहले ही यह पद संभाला था। इस फैसले के बाद जेकेसीए एक बार फिर विवादों में घिर गया है।
जेकेसीए के सचिव ने जावेद अहमद को पद से हटाने की अधिसूचना जारी की। इस अधिसूचना में बताया गया कि अध्यक्ष के आचरण और उनके निलंबन से जुड़े मामले की वजह से यह प्रस्ताव सीधे जावेद अहमद को नहीं भेजा गया। इसके बजाय, यह प्रस्ताव बाकी नौ सदस्यों के पास भेजा गया। इनमें से आठ सदस्यों ने जावेद अहमद को अध्यक्ष पद से हटाने पर अपनी सहमति जताई। एक सदस्य ने इस प्रस्ताव पर कोई जवाब नहीं दिया। इस तरह, 8-0 के भारी बहुमत से प्रस्ताव को मंजूरी मिली और जावेद अहमद को जेकेसीए के अध्यक्ष पद से तुरंत निलंबित कर दिया गया। अधिसूचना में यह भी कहा गया कि जेकेसीए ने अपने सभी अधिकारियों, कर्मचारियों, जिला इकाइयों और अन्य पदाधिकारियों को इस फैसले को तुरंत लागू करने के निर्देश दे दिए हैं।यह ध्यान देने वाली बात है कि जावेद अहमद ने 22 मई को ही जम्मू-कश्मीर क्रिकेट एसोसिएशन के अध्यक्ष का पद संभाला था। उनके अध्यक्ष बनने के कुछ समय बाद ही जम्मू-कश्मीर की क्रिकेट टीम ने घरेलू क्रिकेट में शानदार प्रदर्शन किया था। पारस डोगरा की कप्तानी में टीम ने रणजी ट्रॉफी में बेहतरीन प्रदर्शन करते हुए पहली बार खिताब अपने नाम किया था। जम्मू-कश्मीर ने 67 साल के लंबे इंतजार को खत्म करते हुए यह जीत हासिल की थी। फाइनल मुकाबले में टीम ने कर्नाटक को पहली पारी में मिली बढ़त के आधार पर हराया था। इस टूर्नामेंट में जम्मू-कश्मीर के तेज गेंदबाज आकिब नबी डार का प्रदर्शन बहुत ही शानदार रहा था। उन्होंने पूरे टूर्नामेंट में कुल 60 विकेट लिए थे।
जेकेसीए में यह उठापटक ऐसे समय में हुई है जब टीम ने हाल ही में क्रिकेट के मैदान पर बड़ी सफलता हासिल की है। रणजी ट्रॉफी में टीम का यह ऐतिहासिक प्रदर्शन कई सालों के सूखे को खत्म करने वाला था। ऐसे में, अध्यक्ष का अचानक निलंबित होना कई सवाल खड़े करता है। एपेक्स काउंसिल के सदस्यों ने अध्यक्ष के आचरण को लेकर चिंता जताई है, लेकिन इस बारे में कोई विस्तृत जानकारी सार्वजनिक नहीं की गई है। यह निलंबन जेकेसीए के कामकाज पर क्या असर डालेगा, यह देखना बाकी है। क्रिकेट एसोसिएशन के अंदरूनी मामले अक्सर चर्चा में रहते हैं, और यह ताजा घटनाक्रम एक बार फिर इस ओर इशारा कर रहा है।