200 गुना मुनाफे का झांसा देकर ठगी करने वाले 12 लोग अरेस्ट

नवभारत टाइम्स

अलीगढ़ साइबर पुलिस ने शेयर मार्केट में 200 गुना मुनाफे का लालच देकर ठगी करने वाले 12 लोगों को गिरफ्तार किया है। इन आरोपियों ने एक व्यक्ति से 45 दिनों में एक करोड़ 10 लाख रुपये से अधिक की ठगी की थी। पुलिस ने देश के विभिन्न राज्यों से कार्रवाई करते हुए गिरोह का पर्दाफाश किया है।

12 people arrested for defrauding with the promise of 200 times profit crores of fraud prevented
अलीगढ़ साइबर पुलिस ने शेयर मार्केट में 200 गुना मुनाफे का लालच देकर ठगी करने वाले एक बड़े गिरोह का पर्दाफाश किया है। इस गिरोह के 12 सदस्यों को देश के अलग-अलग राज्यों से गिरफ्तार किया गया है। इन ठगों ने अलीगढ़ के एक व्यक्ति से सिर्फ 45 दिनों में 1 करोड़ 10 लाख रुपये से ज्यादा की ठगी की थी। यह मामला क्वार्सी थाना इलाके की स्वर्ण जयंती कॉलोनी का है, जहां रहने वाले दिनेश कुमार को वाट्सऐप ग्रुप के जरिए शेयर मार्केट में निवेश के नाम पर फंसाया गया था। लगातार मुनाफे का झांसा देकर ठगों ने उनसे बड़ी रकम अपने खाते में ट्रांसफर करवा ली। पीड़ित की शिकायत पर साइबर थाने में रिपोर्ट दर्ज कर जांच शुरू की गई।

एसपी ग्रामीण अमृत जैन ने बताया कि इस मामले का खुलासा करने के लिए पुलिस की पांच टीमों का गठन किया गया था। इन टीमों ने करीब 600 वाट्सऐप ग्रुप की जांच की, जो शेयर मार्केट में निवेश के नाम पर सक्रिय थे। इसके अलावा, टेलिकॉम कंपनियों से बातचीत करके लगभग 1000 ऐसे संदिग्ध ग्रुप को बंद कराया गया, जिनमें एक से दो लाख रुपये तक का लेनदेन हो रहा था। पुलिस ने अलग-अलग राज्यों में दबिश देकर इस गिरोह के 12 सदस्यों को गिरफ्तार किया।
गिरफ्तार आरोपियों के पास से 30 बैंक पासबुक, चेकबुक, 23 एटीएम कार्ड, डेबिट-क्रेडिट कार्ड, मोबाइल फोन, लैपटॉप, कैमरा और अन्य सामान बरामद हुआ है। पुलिस का कहना है कि इस कार्रवाई से अगले दो दिनों में होने वाली 10 से 12 करोड़ रुपये की संभावित साइबर ठगी को भी रोका गया है। गिरफ्तार आरोपियों को जेल भेज दिया गया है और आगे की कानूनी कार्रवाई जारी है। पकड़े गए आरोपियों में ओडिशा, छत्तीसगढ़, उत्तराखंड, हरियाणा, राजस्थान, उत्तर प्रदेश और अन्य राज्यों के लोग शामिल हैं।

यह ठगी का तरीका काफी आम हो गया है। ठग अक्सर सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स, खासकर वाट्सऐप ग्रुप्स का इस्तेमाल करते हैं। वे लोगों को शेयर मार्केट में भारी मुनाफे का लालच देते हैं। शुरुआत में वे छोटे-मोटे मुनाफे का दिखावा करते हैं, ताकि पीड़ित का भरोसा जीत सकें। जब पीड़ित को यकीन हो जाता है, तो वे बड़ी रकम निवेश करने के लिए कहते हैं। इसके बाद, वे पैसे लेकर गायब हो जाते हैं।

साइबर पुलिस ने इस मामले में त्वरित कार्रवाई करते हुए न केवल ठगों को पकड़ा, बल्कि भविष्य में होने वाली बड़ी ठगी को भी रोका। यह दिखाता है कि साइबर अपराधों से निपटने के लिए पुलिस कितनी सक्रिय है। लोगों को भी ऐसे लुभावने ऑफर्स से सावधान रहना चाहिए। शेयर मार्केट में निवेश हमेशा सोच-समझकर और विश्वसनीय माध्यमों से ही करना चाहिए। किसी भी अनजान व्यक्ति या ग्रुप के कहने पर बड़ी रकम निवेश करना खतरनाक हो सकता है।

यह घटना एक चेतावनी है कि ऑनलाइन दुनिया में धोखाधड़ी के कई तरीके मौजूद हैं। साइबर ठग लगातार नए तरीके ईजाद कर रहे हैं। इसलिए, अपनी व्यक्तिगत और वित्तीय जानकारी को सुरक्षित रखना बहुत जरूरी है। किसी भी संदिग्ध लिंक पर क्लिक न करें और न ही अपनी बैंक डिटेल्स किसी के साथ साझा करें। अगर आप किसी भी तरह की साइबर ठगी का शिकार होते हैं, तो तुरंत पुलिस को सूचित करें।