संभल में रविवार को दो मस्जिद और एक मदरसे को गिरा दिया गया। यह कार्रवाई असमोली थाना क्षेत्र के हाजीपुर और राया बुजुर्ग गांव में की गई। हाजीपुर गांव में बुलडोजर ऐक्शन से पहले ही एक मस्जिद को गांव के लोगों ने खुद ही तोड़ दिया। लोगों ने रातभर हथौड़े और छेनी से मस्जिद को ढहाया। जबकि राया बुजुर्ग गांव में 1500 वर्ग मीटर में फैले अवैध मस्जिद को बुलडोजर से तोड़ दिया गया।
हाजीपुर की मस्जिद 1339 वर्ग मीटर में बनी थी। रविवार सुबह प्रशासन की टीम उसे गिराने पहुंची। लेकिन मस्जिद को लोगों ने रात में खुद ही गिरा दिया था। प्रशासन ने करीब तीन घंटे में बुलडोजर से मलबा हटाया। संभल के तहसीलदार धीरेंद्र प्रताप सिंह ने बताया कि 14 जून 2018 को लेखपाल ने बताया था कि हाजी शमीम ने सरकारी भूमि पर अवैध कब्जा कर मस्जिद का निर्माण करवाया था। तब तहसीलदार न्यायालय में ग्राम सभा बनाम हाजी शमीम मुतवल्ली के नाम से केस दर्ज कर सुनवाई हुई थी।
हाजीपुर में ही एक मदरसे को प्रशासन ने बुलडोजर से गिरा दिया। अधिकारियों का कहना है कि मदरसे के नाम पर 1500 वर्ग मीटर सरकारी जमीन पर कब्जा किया गया था और वहां दुकानों जैसी व्यावसायिक गतिविधियां चल रही थीं। तहसीलदार कोर्ट के आदेश और हाईकोर्ट से अपील खारिज होने के बाद यह कार्रवाई की गई। रविवार को नोटिस की आखिरी तारीख थी।
डीएम राजेंद्र पैंसिया और एसपी कृष्ण कुमार विश्नोई भी मौके पर पहुंचे। बताया कि 25 साल पहले इस जमीन पर अवैध कब्जा कर मस्जिद बनाई गई थी। तहसीलदार कोर्ट से पहले ही ध्वस्तीकरण का आदेश हो गया था। पर मस्जिद कमेटी हाईकोर्ट गई थी।


