Noida Authoritys Strict Stance Officials Face Action For Negligence In Illegal Construction Show cause Notice Issued
अवैध निर्माण में लापरवाह अधिकारियों पर सख्ती, कारण बताओ नोटिस जारी
नवभारत टाइम्स•
नोएडा प्राधिकरण ने अवैध निर्माण के खिलाफ कड़ा रुख अपनाया है। वर्क सर्किल-6 के प्रबंधक अब्दुल शाहिद को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है। उन पर अवैध निर्माण रोकने में लापरवाही का आरोप है। सहायक प्रबंधक विनीत कुमार शर्मा को सेवा से रिलीव कर दिया गया है। प्राधिकरण ने स्पष्ट किया है कि लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
नोएडा प्राधिकरण ने अवैध निर्माण और अतिक्रमण के खिलाफ जीरो टॉलरेंस नीति अपनाई है। इस नीति के तहत, लापरवाही बरतने वाले अधिकारियों पर भी सख्त कार्रवाई की जा रही है। हाल ही में वर्क सर्किल-6 में अवैध निर्माण की शिकायतों पर कार्रवाई करते हुए, प्रबंधक अब्दुल शाहिद को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है। उन पर अपने इलाके में अवैध निर्माण रोकने में गंभीरता न दिखाने का आरोप है। सहायक प्रबंधक विनीत कुमार शर्मा को भी सेवा से रिलीव कर दिया गया है। प्राधिकरण ने साफ कर दिया है कि किसी भी स्तर पर लापरवाही या मिलीभगत बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
शहर के सुनियोजित विकास को सुनिश्चित करने के लिए नोएडा प्राधिकरण लगातार अभियान चला रहा है। इसी कड़ी में, अब उन अधिकारियों पर भी नकेल कसी जा रही है जो अपनी जिम्मेदारियों को ठीक से नहीं निभा रहे हैं। वर्क सर्किल-6 के इलाकों से अवैध निर्माण और अतिक्रमण की कई शिकायतें सामने आई थीं। जांच में पता चला कि संबंधित अधिकारियों ने इन पर ध्यान नहीं दिया और न ही कोई कार्रवाई की। यह उनकी लापरवाही को दर्शाता है।मुख्य कार्यपालक अधिकारी के निर्देश पर इस मामले में तुरंत कार्रवाई हुई। वर्क सर्किल-6 के प्रबंधक अब्दुल शाहिद को एक कारण बताओ नोटिस भेजा गया है। उनसे पूछा गया है कि उन्होंने अपने क्षेत्र में अवैध निर्माण को क्यों नहीं रोका और क्यों लापरवाही बरती। अगर उनका जवाब संतोषजनक नहीं हुआ, तो उनके खिलाफ और भी कड़ी कार्रवाई की जाएगी। वहीं, सहायक प्रबंधक विनीत कुमार शर्मा की प्रतिनियुक्ति अवधि खत्म होने पर उन्हें तत्काल प्रभाव से काम से हटा दिया गया है।
नोएडा प्राधिकरण ने यह साफ संदेश दिया है कि किसी भी अधिकारी की लापरवाही या किसी भी तरह की मिलीभगत को बिल्कुल भी बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। भविष्य में अगर ऐसी कोई भी घटना होती है, तो उस पर बहुत सख्त सजा दी जाएगी। यह कदम शहर में अवैध निर्माण को रोकने और सुनियोजित विकास को बढ़ावा देने के लिए उठाया गया है।