राजस्थान Si भर्ती पेपर लीक: Sog ने कोचिंग संचालक समेत 2 गिरफ्तार, 149 तक पहुंची गिरफ्तारी
राजस्थान SI भर्ती पेपर लीक: SOG ने कोचिंग संचालक समेत 2 गिरफ्तार, 149 तक पहुंची गिरफ्तारी
NewsPoint•
राजस्थान एसआई भर्ती परीक्षा 2021 के पेपर लीक मामले में स्पेशल ऑपरेशन ग्रुप (SOG) ने बड़ी कार्रवाई करते हुए शाहपुरा के एमएडी फाउंडेशन कोचिंग के संचालक सहित दो लोगों को गिरफ्तार किया है। इन दोनों पर परीक्षा से पहले अभ्यर्थियों को सॉल्व्ड पेपर देने का आरोप है। एसओजी की शुरुआती जांच में पता चला है कि इन दोनों ने मिलकर दो अभ्यर्थियों को परीक्षा से पहले ही हल किया हुआ प्रश्नपत्र दे दिया था। इसके बाद ये दोनों अभ्यर्थी परीक्षा पास कर सब-इंस्पेक्टर बन गए। गिरफ्तार आरोपियों को अदालत ने 4 जुलाई तक एसओजी रिमांड पर भेज दिया है। रिमांड के दौरान उनसे पेपर लीक सिंडिकेट, पैसों के लेन-देन और पूरे नेटवर्क के बारे में पूछताछ की जा रही है। इस मामले में अब तक कुल 149 आरोपी गिरफ्तार हो चुके हैं। एसओजी का कहना है कि जांच जारी है और आने वाले दिनों में और भी गिरफ्तारियां हो सकती हैं।
एसओजी इस पूरे पेपर लीक नेटवर्क की परतों को खोलने में जुटी है। जांच एजेंसी यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि आखिर प्रश्नपत्र लीक कैसे हुआ, इसमें कौन-कौन शामिल थे और पैसों का लेन-देन कितना हुआ। अधिकारियों का कहना है कि इस मामले में किसी को भी बख्शा नहीं जाएगा और जांच निष्पक्ष तरीके से की जाएगी।यह मामला राजस्थान एसआई भर्ती परीक्षा 2021 से जुड़ा है, जिसमें पेपर लीक होने की खबरें आई थीं। एसओजी ने इस मामले की जांच अपने हाथ में ली और अब तक कई गिरफ्तारियां कर चुकी है। हाल ही में हुई कार्रवाई में शाहपुरा के एमएडी फाउंडेशन कोचिंग के संचालक और एक अन्य व्यक्ति को गिरफ्तार किया गया है। इन पर आरोप है कि इन्होंने परीक्षा से पहले ही अभ्यर्थियों को सॉल्व्ड पेपर उपलब्ध करा दिया था।
एसओजी की प्रारंभिक जांच के अनुसार, इन दोनों आरोपियों ने मिलकर दो अभ्यर्थियों को परीक्षा से पहले ही हल किया हुआ प्रश्नपत्र दे दिया था। इसके बाद ये दोनों अभ्यर्थी परीक्षा में सफल होकर सब-इंस्पेक्टर के पद पर चयनित हो गए। यह एक गंभीर मामला है क्योंकि इससे योग्य अभ्यर्थियों के साथ अन्याय होता है और भर्ती प्रक्रिया की निष्पक्षता पर सवाल उठता है।
गिरफ्तार किए गए दोनों आरोपियों को अदालत ने 4 जुलाई तक एसओजी रिमांड पर भेज दिया है। रिमांड के दौरान एसओजी उनसे पेपर लीक सिंडिकेट के बारे में गहन पूछताछ कर रही है। इसमें यह पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि यह सिंडिकेट कैसे काम करता था, इसमें कौन-कौन लोग शामिल थे, पैसों का लेन-देन किस स्तर तक हुआ और इस पूरे नेटवर्क में और कौन-कौन लोग सहयोग कर रहे थे।
राजस्थान एसआई भर्ती पेपर लीक मामले में एसओजी की जांच लगातार जारी है। अब तक इस मामले में कुल 149 आरोपियों की गिरफ्तारी हो चुकी है। यह संख्या दर्शाती है कि यह पेपर लीक सिंडिकेट कितना बड़ा था। जांच एजेंसी का कहना है कि पूछताछ और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर आने वाले दिनों में नए खुलासे और अन्य गिरफ्तारियां भी हो सकती हैं।
एसओजी पूरे पेपर लीक नेटवर्क की परतें खोलने में जुटी है। जांच एजेंसी यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि प्रश्नपत्र कैसे लीक हुआ, इसमें किन-किन लोगों की भूमिका रही और आर्थिक लेन-देन किस स्तर तक हुआ। अधिकारियों का कहना है कि मामले में शामिल किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा और जांच निष्पक्ष तरीके से आगे बढ़ाई जाएगी। यह सुनिश्चित करने का प्रयास किया जा रहा है कि भविष्य में ऐसी घटनाएं दोबारा न हों और भर्ती प्रक्रिया पूरी तरह से पारदर्शी रहे।