अदाणी एंटरप्राइजेज ने एयरलाइन शुरू करने की खबरों का खंडन किया, एयरपोर्ट सिटी पर फोकस
अदाणी एंटरप्राइजेज ने एयरलाइन शुरू करने की खबरों का खंडन किया, एयरपोर्ट सिटी पर फोकस
NewsPoint•
अहमदाबाद, 24 जुलाई। अदाणी एंटरप्राइजेज लिमिटेड (एईएल) ने शुक्रवार को उन मीडिया रिपोर्ट्स और बाज़ार की अटकलों को सिरे से खारिज कर दिया, जिनमें कहा जा रहा था कि अदाणी समूह की प्रमुख कंपनी एयरलाइन शुरू करने की योजना बना रही है। कंपनी के प्रवक्ता ने स्पष्ट किया कि ये खबरें पूरी तरह से गलत हैं और अदाणी एंटरप्राइजेज एयरलाइन कारोबार में उतरने के किसी भी प्रस्ताव पर विचार नहीं कर रही है। यह खंडन ऐसे समय में आया है जब अदाणी एयरपोर्ट्स ने अपने एयरपोर्ट नेटवर्क के तहत पांच राज्यों में एकीकृत एयरपोर्ट सिटी विकसित करने के लिए 20,000 करोड़ रुपये से अधिक के बड़े निवेश की घोषणा की है।
अदाणी एंटरप्राइजेज लिमिटेड के प्रवक्ता ने मीडिया में चल रही खबरों पर अपनी प्रतिक्रिया देते हुए कहा, “हम हाल की उन मीडिया रिपोर्ट्स और बाजार की अटकलों का स्पष्ट रूप से खंडन करते हैं, जिनमें कहा गया है कि अदाणी एंटरप्राइजेज एयरलाइन शुरू करने की योजना बना रही है।” उन्होंने आगे यह भी जोड़ा, “ये रिपोर्ट्स पूरी तरह निराधार और तथ्यात्मक रूप से गलत हैं। अदाणी एंटरप्राइजेज एयरलाइन कारोबार में प्रवेश करने के किसी भी प्रस्ताव पर विचार नहीं कर रही है।” यह बयान उन अटकलों पर विराम लगाता है जिनमें कहा जा रहा था कि अदाणी समूह विमानन क्षेत्र में अपनी उपस्थिति दर्ज कराने की तैयारी कर रहा है।यह ध्यान देने योग्य है कि हाल ही में अदाणी एयरपोर्ट्स ने एक बड़ी योजना का ऐलान किया था। इस योजना के तहत, कंपनी अपने एयरपोर्ट नेटवर्क के आसपास के इलाकों में एकीकृत एयरपोर्ट सिटी का निर्माण करेगी। इस महत्वाकांक्षी परियोजना के पहले चरण में 20,000 करोड़ रुपये से अधिक का निवेश किया जाएगा। इस परियोजना के तहत छह हवाईअड्डों पर 655 एकड़ से अधिक ज़मीन का विकास किया जाएगा। इसमें मुंबई और नवी मुंबई में लगभग 440 एकड़ ज़मीन शामिल है, जो इस परियोजना के महत्व को दर्शाता है।
भारत की सबसे बड़ी निजी एयरपोर्ट ऑपरेटर, अदाणी एयरपोर्ट होल्डिंग्स लिमिटेड (एएएचएल) की पूरी तरह से अपनी सहायक कंपनी, अदाणी एयरपोर्ट सिटी लिमिटेड (एएसीएल) के अनुसार, मुंबई, नवी मुंबई, अहमदाबाद, लखनऊ, जयपुर और गुवाहाटी में लगभग 2.2 करोड़ वर्ग फुट क्षेत्र का विकास किया जाएगा। कंपनी का लक्ष्य इन एयरपोर्ट सिटीज़ को एक ऐसे आधुनिक और सुगम शहरी ढांचे के रूप में विकसित करना है जहाँ हॉस्पिटैलिटी (आवास और खान-पान), रिटेल (खरीदारी), मनोरंजन, कन्वेंशन सेंटर (सम्मेलन केंद्र) और व्यावसायिक अवसंरचना (ऑफिस स्पेस) जैसी सभी सुविधाएं एक ही परिसर में उपलब्ध होंगी।
कंपनी के मुताबिक, इस प्रस्तावित निवेश का लगभग 70 प्रतिशत हिस्सा मुंबई और नवी मुंबई में लगाया जाएगा। यह इस बात का संकेत देता है कि मुंबई महानगर क्षेत्र (एमएमआर) को कितना महत्वपूर्ण माना जा रहा है। मुंबई भारत का एक प्रमुख वाणिज्यिक, वित्तीय और विमानन केंद्र है। इन परियोजनाओं को ऐसे एकीकृत और पैदल चलने योग्य शहरी क्षेत्रों के रूप में विकसित किया जाएगा जहाँ यात्री, व्यवसायी और स्थानीय लोग आसानी से इन सुविधाओं का लाभ उठा सकें। यह सब एयरपोर्ट, मेट्रो और शहर की परिवहन व्यवस्था से निर्बाध रूप से जुड़े एक ऐसे माहौल में होगा जहाँ आवागमन बहुत आसान होगा। लोग होटलों, ऑफिसों, रिटेल स्टोर्स, रेस्तरां, मनोरंजन स्थलों और कन्वेंशन सुविधाओं का आनंद ले सकेंगे।