दिल्ली में खाद्य सुरक्षा मंत्री ने मिलावट की रोकथाम के लिए निरीक्षण प्रक्रिया तेज की
दिल्ली में खाद्य सुरक्षा मंत्री ने मिलावट की रोकथाम के लिए निरीक्षण प्रक्रिया तेज की
NewsPoint•
दिल्ली के स्वास्थ्य मंत्री पंकज कुमार सिंह ने मंगलवार को खाद्य सुरक्षा विभाग की समीक्षा बैठक बुलाई। इस बैठक में अधिकारियों को निर्देश दिया गया कि वे राष्ट्रीय राजधानी में खाद्य भंडारों की जांच तेज करें। यह कदम खाद्य पदार्थों में मिलावट के गंभीर मामलों को रोकने के लिए उठाया गया है। हाल में भारी मात्रा में मिलावटी खाद्य पदार्थों की बरामदगी के बाद यह बैठक की गई।
दिल्ली सरकार की तरफ से एक बयान भी जारी किया गया। बयान में कहा गया कि पिछले दो महीनों के दौरान प्रवर्तन अभियानों के तहत 4,500 किलो से अधिक असुरक्षित और अप्रमाणित खाद्य पदार्थों को नष्ट किया गया है। इनमें 3,440 किलो खोया, चाप, मक्खन, 658 किलो पनीर और 139 किलो एक्सपायर्ड खाद्य उत्पाद शामिल हैं। खाद्य सुरक्षा विभाग ने इस दौरान कुल 429 खाद्य नमूनों की जांच की। इनमें से 307 प्रवर्तन नमूने और 122 निगरानी नमूने थे। इस दौरान विभिन्न क्षेत्रों में खाद्य सुरक्षा जांच अभियान चलाए गए। खाद्य सुरक्षा विभाग के साथ दिल्ली पुलिस की टीमें भी मौजूद थीं। खासकर पनीर, खोया और घी में मिलावट के खिलाफ विशेष अभियान चलाए गए। मिठाई निर्माताओं, डेयरी प्रतिष्ठानों और फास्ट फूड निर्माताओं पर भी छापे मारे गए।
बैठक में पंकज कुमार सिंह ने अधिकारियों को चौबीसों घंटे जागरूक रहने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि निरीक्षण अभियान केवल त्योहारों तक सीमित नहीं रहना चाहिए, बल्कि पूरे साल जारी रहना चाहिए। उन्होंने यह भी कहा, "खाद्य सुरक्षा पर कोई समझौता नहीं किया जा सकता।"
स्वास्थ्य मंत्री ने जीरो टॉलरेंस नीति अपनाने का आश्वासन दिया। इसका अर्थ है कि खाद्य पदार्थों में मिलावट के मामलों में कड़ी कार्रवाई की जाएगी। मंत्री ने अधिकारियों को खोया, पनीर, छेना, मिठाई, नमकीन, घी, खाद्य तेल और सूखे मेवों जैसी खाद्य श्रेणियों पर विशेष ध्यान देने को कहा। यह विशेष रूप से त्योहारों के मौसम में और भी महत्वपूर्ण है।
मंत्री ने यह भी कहा कि "किसी भी परिस्थिति में दिल्लीवासियों के स्वास्थ्य और सुरक्षा से समझौता नहीं किया जा सकता।" खाद्य पदार्थों में मिलावट एक गंभीर अपराध है और यह जन स्वास्थ्य के लिए खतरा है। ऐसे कृत्यों में लिप्त लोगों के खिलाफ कानून अनुसार कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
इस प्रकार, पंकज कुमार सिंह की इस बैठक से साफ है कि दिल्ली सरकार खाद्य सुरक्षा को लेकर बेहद गम्भीर है और इस दिशा में ठोस कदम उठाए जा रहे हैं।