दोपहर बाद बढ़ी भीड़, दिल्ली गेट और किड्स जोन में रही सबसे ज्यादा भीड़

नवभारत टाइम्स

सूरजकुंड अंतरराष्ट्रीय शिल्प मेले में शनिवार को दोपहर बाद पर्यटकों की भीड़ बढ़ गई। दिल्ली गेट और किड्स जोन में सबसे ज्यादा लोग पहुंचे। शाम को स्थिति और बिगड़ गई, जिससे आवाजाही में परेशानी हुई। पार्किंग स्थल भर गए और मेले से निकलने वाले लोगों को ट्रैफिक जाम का सामना करना पड़ा।

surajkund fair sees huge crowds heavy traffic at delhi gate and kids zone tourists face difficulties
फरीदाबाद में सूरजकुंड अंतरराष्ट्रीय शिल्प मेले में शनिवार को पर्यटकों की भारी भीड़ उमड़ पड़ी। छुट्टी का दिन होने के कारण लोग अपने परिवारों के साथ मेले का आनंद लेने पहुंचे, जिससे दोपहर बाद मेले में तिल रखने की भी जगह नहीं बची। दिल्ली गेट की ओर बने पवेलियन और किड्स जोन में सबसे ज्यादा भीड़ देखी गई, जिससे लोगों को आने-जाने में काफी दिक्कत हुई। शाम होते-होते स्थिति और बिगड़ गई, जब दिल्ली गेट एरिया में धक्का-मुक्की की नौबत आ गई।

शनिवार को सूरजकुंड अंतरराष्ट्रीय शिल्प मेले में पर्यटकों की संख्या में अचानक भारी उछाल आया। सुबह के समय मेला सामान्य था, लेकिन दोपहर एक बजे के बाद लोगों की आमद इतनी तेज हुई कि दो बजे तक पूरा मेला परिसर खचाखच भर गया। इस भीड़ को संभालने के लिए पुलिस बल हर गेट और अहम जगहों पर तैनात था। मेला प्रबंधन की टीमें भी पूरी तरह सक्रिय दिखीं। मेले में आए लोगों ने बताया कि शनिवार की छुट्टी होने की वजह से वे अपने परिवार के साथ मेला देखने आए थे।
पर्यटकों के अनुसार, दिल्ली गेट की तरफ बने पवेलियन और किड्स जोन में सबसे ज्यादा भीड़ थी। इन इलाकों से गुजरने वाले लोगों को आवाजाही में काफी परेशानी हुई। शाम चार बजे के बाद तो हालात और खराब हो गए, जब दिल्ली गेट एरिया से निकलते समय धक्का-मुक्की की स्थिति बन गई। फॉरेन पवेलियन के साथ-साथ फूड कोर्ट भी पूरी तरह से भरा हुआ था, जहाँ खाने-पीने के लिए लंबी-लंबी कतारें लगी थीं।

मेले में जगह-जगह बनाए गए सेल्फी पॉइंट और कलाकारों के साथ फोटो खिंचवाने की होड़ भी देखने को मिली। मुख्य चौपाल से थोड़ी दूर इन जगहों पर भीड़ के कारण पैदल चलने वालों को काफी दिक्कत हुई। कुछ पर्यटकों ने शिकायत की कि आयोजकों को ऐसी गतिविधियों को रास्तों के आसपास नहीं रखना चाहिए, जिससे लोगों को आने-जाने में परेशानी हो।

गेट नंबर एक के पास बने दोनों पार्किंग स्थल शाम पांच बजे तक पूरी तरह भर गए थे। इससे साफ पता चलता है कि मेले में कितने ज्यादा पर्यटक आए थे। मेला घूमकर बाहर निकलने वाले लोगों को ट्रैफिक जाम का सामना करना पड़ा। पुलिस ने बॉर्डर एरिया में बैरिकेडिंग कर जवानों को तैनात किया था, लेकिन वाहनों का दबाव इतना ज्यादा था कि स्थिति को संभालना मुश्किल हो गया। सूरजकुंड मेला से लेकर तुगलकाबाद और बदरपुर बॉर्डर तक लंबा जाम लग गया, जिससे राहगीरों को काफी परेशानी हुई।