Greater Noida Fir Registered Against 11 People For Encroaching Notified Land Police Investigating On Court Orders
अधिसूचित जमीन पर किया कब्जा,11 लोगों पर FIR
नवभारत टाइम्स•
पतवाड़ी गांव में ग्रेटर नोएडा की अधिसूचित जमीन पर कब्जे का मामला सामने आया है। कोर्ट के आदेश पर पुलिस ने पूर्व प्रधान की तहरीर पर 11 लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की है। आरोप है कि जमीन पर मंदिर और मैरिज होम बनाया गया है। दोनों पक्षों के बीच भूमि संबंधी मामला कोर्ट में विचाराधीन है।
ग्रेटर नोएडा के पतवाड़ी गांव में एक पूर्व प्रधान ने गांव के ही 11 लोगों पर सरकारी जमीन पर अवैध कब्जा करने और मंदिर बनाकर खुद को महंत बताने का आरोप लगाया है। कोर्ट के आदेश के बाद पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पूर्व प्रधान वेदपाल यादव का कहना है कि टीकम सिंह यादव नाम के व्यक्ति ने सरकारी जमीन पर मंदिर, मैरिज होम और होटल बनाया है। दोनों पक्षों के बीच जमीन को लेकर मामला कोर्ट में भी चल रहा है।
वेदपाल यादव ने आरोप लगाया है कि टीकम सिंह यादव उनसे रंजिश रखते हैं क्योंकि उन्होंने सरकारी जमीन पर कब्जे की शिकायत की थी। टीकम सिंह यादव कथित तौर पर वेदपाल यादव पर कोर्ट में चल रहा मामला वापस लेने का दबाव बना रहे हैं। आरोप यह भी है कि मंदिर में नशेड़ी लोग बैठते हैं और टीकम सिंह यादव पैसे देकर लोगों से कोतवाली में झूठी शिकायतें करवाते हैं। वेदपाल यादव ने बताया कि उन्हें लगातार धमकी भी दी जा रही है।पहले पुलिस से कार्रवाई की गुहार लगाई, लेकिन कोई सुनवाई नहीं हुई। इसके बाद उन्होंने कोर्ट का दरवाजा खटखटाया। अब कोर्ट के आदेश पर पुलिस ने टीकम सिंह यादव, रमेशचंद, सूर्य प्रकाश सिंह, गरिमा सैंगर, रमाकांत मिश्रा, अर्शी, आबिद, सुमन बिष्ट, नवीन चंद बिष्ट, रविंद्र नाथ और सुनील के खिलाफ एफआईआर दर्ज की है। पुलिस का कहना है कि जांच के बाद ही आगे की कार्रवाई की जाएगी।
यह पूरा मामला ग्रेटर नोएडा के पतवाड़ी गांव का है। यहां सरकारी जमीन पर अवैध कब्जे का आरोप लगा है। पूर्व प्रधान वेदपाल यादव ने गांव के ही 11 लोगों के खिलाफ कोर्ट में अर्जी दी थी। कोर्ट ने पुलिस को जांच का आदेश दिया। एफआईआर में वेदपाल यादव ने कहा है कि टीकम सिंह यादव नाम के व्यक्ति ने सरकारी जमीन पर कब्जा कर लिया है। उन्होंने वहां एक मंदिर बनाया है और खुद को महंत बताते हैं। इतना ही नहीं, उस जमीन पर मैरिज होम और होटल भी बना दिया गया है।
यह जमीन ग्रेटर नोएडा के लिए अधिसूचित (नोटिफाई) की गई थी, यानी यह सरकारी संपत्ति है। इस जमीन को लेकर दोनों पक्षों के बीच मामला हाई कोर्ट में भी चल रहा है। वेदपाल यादव का कहना है कि टीकम सिंह यादव उनसे इसलिए नाराज हैं क्योंकि उन्होंने सरकारी जमीन पर कब्जे की शिकायत की थी। टीकम सिंह यादव कथित तौर पर वेदपाल यादव पर दबाव बना रहे हैं कि वह कोर्ट में चल रहा यह मामला वापस ले लें।
आरोप यह भी है कि टीकम सिंह यादव के बनाए मंदिर में नशेड़ी लोग आते-जाते हैं। वेदपाल यादव ने यह भी आरोप लगाया है कि टीकम सिंह यादव लोगों को पैसे देते हैं ताकि वे पुलिस में उनके खिलाफ झूठी शिकायतें दर्ज करा सकें। वेदपाल यादव को लगातार धमकियां भी मिल रही हैं। उन्होंने पहले पुलिस से मदद मांगी थी, लेकिन जब कोई कार्रवाई नहीं हुई तो उन्होंने कोर्ट का सहारा लिया। अब कोर्ट के आदेश पर पुलिस ने टीकम सिंह यादव और उनके साथ 11 अन्य लोगों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर ली है। इन लोगों में रमेशचंद, सूर्य प्रकाश सिंह, गरिमा सैंगर, रमाकांत मिश्रा, अर्शी, आबिद, सुमन बिष्ट, नवीन चंद बिष्ट, रविंद्र नाथ और सुनील शामिल हैं। पुलिस इस मामले की जांच कर रही है और जांच के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।