Karachi Shopping Mall Fire 61 Dead 73 Missing Serious Questions On Safety Standards
कराची शॉपिंग मॉल आग: 61 की मौत, 73 लापता, सुरक्षा मानकों पर सवाल
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कराची के गुल शॉपिंग प्लाजा में लगी भीषण आग ने 61 लोगों की जान ले ली। 73 लोग अभी भी लापता हैं। आग पर काबू पाने में 36 घंटे लगे। इमारत की सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल उठ रहे हैं। सरकार ने मुआवजे और पुनर्निर्माण का वादा किया है। यह घटना कराची की इमारतों की सुरक्षा पर चिंता बढ़ाती है।
कराची, 21 जनवरी (भाषा) पाकिस्तान के कराची शहर में एक शॉपिंग मॉल में लगी भीषण आग में मरने वालों की संख्या बुधवार को बढ़कर 61 हो गई। यह आग 17 जनवरी की रात को सदर इलाके में स्थित 'गुल शॉपिंग प्लाजा' में लगी थी, जिसने देखते ही देखते पूरी इमारत को अपनी चपेट में ले लिया। आग पर काबू पाने में करीब 36 घंटे लगे। अधिकारियों को आशंका है कि मृतकों की संख्या 100 या उससे अधिक हो सकती है। इमारत की बीच की मंजिल पर स्थित एक दुकान से 30 शव बरामद हुए, जिससे मरने वालों का आंकड़ा बढ़ा। इन लोगों ने आग से बचने के लिए दुकान के शटर बंद कर लिए थे।
कराची दक्षिण के उप महानिरीक्षक (डीआईजी) असद रजा ने बताया कि बीच की मंजिल पर 'दुबई क्रॉकरी' नाम की दुकान से 30 शव मिले। उन्होंने कहा, "दुकान इमारत की बीच वाली मंजिल पर स्थित थी और जाहिर तौर पर दुकानदारों और ग्राहकों सहित इन अन्य लोगों ने दुकान के शटर बंद करके खुद को आग से बचाने की कोशिश की।" इससे पहले बचाव कर्मियों ने तीन और शव बरामद किए थे, जिससे मृतकों की संख्या 28 से बढ़कर 31 हो गई थी। सिंध पुलिस की सर्जन डॉ. सुम्मैया सैयद ने पुष्टि की कि घटनास्थल से अब तक 21 शव लाए गए हैं, जिनमें से ज्यादातर बुरी तरह झुलस चुके हैं और उनकी पहचान करना मुश्किल है।सिंध की प्रांतीय सरकार ने पहले 73 लापता लोगों की एक सूची जारी की थी। इन लापता लोगों में 10 से 69 वर्ष की आयु के पुरुष, महिलाएं और बच्चे शामिल हैं। इस सूची के अनुसार, कम से कम 16 नाबालिग लड़के लापता हैं। ये लड़के या तो दुकानों में काम कर रहे थे या खरीदारी के लिए आए थे। कराची के मेयर मुर्तजा वहाब ने बताया कि यह सूची प्रभावित परिवारों और प्लाजा के दुकानदारों व उनके कर्मचारियों से मिली जानकारी के आधार पर तैयार की गई है।
सिंध सरकार द्वारा गठित जांच समिति के संयोजक और कराची के आयुक्त सैयद हसन नकवी ने घटनास्थल का दौरा किया। उन्होंने संवाददाताओं से कहा कि इमारतों के अंदर आग से सुरक्षा के इंतजाम मानकों के हिसाब से नहीं थे। यह एक बड़ी लापरवाही थी। वरिष्ठ वकील आबिद मतीन ने बताया कि इस इमारत के सुरक्षा इंतजामों और ढांचे की स्थिति को लेकर अदालतों में कम से कम तीन मामले पहले से चल रहे थे। इस भीषण आग के कारण अब यह पूरी इमारत पूरी तरह से नष्ट हो चुकी है।
कराची मेट्रोपॉलिटन कॉर्पोरेशन के मुख्य अग्निशमन अधिकारी हुमायूं खान के अनुसार, लापता लोगों की तलाश और बचाव अभियान को पूरा होने में अभी 10 से 15 दिन का समय और लग सकता है। यह एक बहुत ही मुश्किल और लंबा अभियान होगा। सिंध के राज्यपाल कामरान टेसोरी ने बुधवार को घटनास्थल का दौरा किया और कहा कि हर दुकानदार को मुआवजा दिया जाएगा। उन्होंने बताया कि सरकार ने इमारत के पुनर्निर्माण के लिए बिल्डरों से बातचीत शुरू कर दी है।
राज्यपाल टेसोरी ने कहा, “यह एक राष्ट्रीय त्रासदी है और जिन लोगों ने अपने प्रियजनों या अपना कारोबार खोया है, हम उन्हें असहाय नहीं छोड़ेंगे।” उन्होंने इस घटना को एक बड़ी राष्ट्रीय विपदा बताया और पीड़ितों के प्रति संवेदना व्यक्त की। सरकार हर संभव मदद करने का वादा कर रही है। इस घटना ने कराची में इमारतों की सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। लोगों को उम्मीद है कि भविष्य में ऐसी घटनाएं दोबारा न हों।