गलगोटिया यूनिवर्सिटी की मान्यता रद्द करने की मांग

नवभारत टाइम्स

दिल्ली में आयोजित एक समिट में गलगोटिया यूनिवर्सिटी ने चीनी रोबॉट को अपना आविष्कार बताया। इस पर समाजवादी छात्र सभा ने विरोध प्रदर्शन किया। कार्यकर्ताओं ने यूनिवर्सिटी की मान्यता रद्द करने और मालिकों पर एफआईआर दर्ज करने की मांग की। नोएडा में भी इसी तरह की मांग उठी है। इस घटना से देश की छवि धूमिल हुई है।

demand to cancel galgotias universitys recognition uproar over presenting chinese robot as own invention
दिल्ली में आयोजित एक प्रतिष्ठित कार्यक्रम में चीनी रोबॉट को अपना आविष्कार बताकर गलगोटिया यूनिवर्सिटी ने देश की छवि धूमिल की है। इस फर्जीवाड़े के विरोध में समाजवादी छात्र सभा के कार्यकर्ताओं ने यूनिवर्सिटी के गेट पर प्रदर्शन किया और राष्ट्रपति को संबोधित ज्ञापन पुलिस को सौंपा। कार्यकर्ताओं ने यूनिवर्सिटी की मान्यता रद्द करने और मालिकों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर जेल भेजने की मांग की है।

समाजवादी छात्र सभा के जिलाध्यक्ष मोहित नागर ने आरोप लगाया कि यूनिवर्सिटी ने चीन में बने यूनिट्री गो-2 रोबॉट को अपना आविष्कार बताकर ' मेक इन इंडिया ' की भावना को ठेस पहुंचाई है। उन्होंने कहा कि यह देश के लिए शर्मनाक बात है और इससे अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भारत की छवि खराब हुई है। प्रदर्शनकारियों ने मांग की कि यूनिवर्सिटी की मान्यता तुरंत रद्द की जाए और इसके मालिकों पर कड़ी कानूनी कार्रवाई हो।
इसी कड़ी में, नोएडा में समाजवादी पार्टी की अधिवक्ता सभा के राष्ट्रीय सचिव श्याम सिंह भाटी ने भी गलगोटिया यूनिवर्सिटी के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है। उन्होंने कहा कि इस हरकत से पूरे देश को शर्मिंदा होना पड़ा है। भाटी ने भी यूनिवर्सिटी की मान्यता तत्काल रद्द करने की मांग की है। कार्यकर्ताओं का कहना है कि इस तरह के धोखे को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा और दोषियों को सजा मिलनी चाहिए। यह मामला अब तूल पकड़ता जा रहा है और प्रशासन पर कार्रवाई का दबाव बढ़ रहा है।