चंडीगढ़ में शहर की दो बहनें रेसवॉक में दिखाएंगीं दम

नवभारत टाइम्स

शहर की दो होनहार बहनें भारती भड़ाना और आरती भड़ाना चंडीगढ़ में 13वीं इंडियन ओपन रेसवॉक चैंपियनशिप में भाग लेंगी। दोनों का चयन मैराथन रेसवॉक इवेंट के लिए हुआ है। यह प्रतियोगिता 21 व 22 फरवरी को आयोजित होगी। पूरे देश से 279 खिलाड़ी इसमें हिस्सा लेंगे। हरियाणा से 36 एथलीट भाग लेंगे।

two sisters from the city will show their strength in racewalk in chandigarh will participate in national championship
फरीदाबाद की दो होनहार बहनें, भारती भड़ाना और आरती भड़ाना, 21 और 22 फरवरी को चंडीगढ़ में होने वाली 13वीं इंडियन ओपन रेसवॉक चैंपियनशिप में देश का प्रतिनिधित्व करने के लिए पूरी तरह तैयार हैं। दोनों का चयन मैराथन रेसवॉक इवेंट के लिए हुआ है। ऐथलेटिक्स हरियाणा के मीडिया प्रभारी सत्यवीर धनखड़ ने बताया कि इस बड़ी प्रतियोगिता में देशभर से 279 खिलाड़ी हिस्सा लेंगे, जिनमें हरियाणा के 36 एथलीट शामिल हैं। इन दोनों बहनों के चयन से उनके गांव पाली में खुशी की लहर दौड़ गई है।

इन बहनों की इस सफलता के पीछे उनके पिता जगत सिंह भड़ाना का अथक परिश्रम है। जगत सिंह बीके अस्पताल में एम्बुलेंस चालक के तौर पर काम करते हैं। अपनी ड्यूटी खत्म करने के बाद, वे अपनी बेटियों को सेक्टर-12 खेल परिसर में अभ्यास के लिए ले जाते थे। यहीं से दोनों बहनों ने अपने एथलेटिक करियर की शुरुआत की।
सत्यवीर धनखड़ ने बताया कि खेल परिसर में की गई कड़ी मेहनत का ही नतीजा है कि बड़ी बहन भारती भड़ाना ने जूनियर एथलेटिक्स चैंपियनशिप में सिल्वर मेडल जीतकर जिले का नाम रोशन किया है। वहीं, छोटी बहन आरती भड़ाना ने बहुत कम उम्र में ही राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर कई शानदार उपलब्धियां हासिल की हैं। आरती ने राष्ट्रीय रेसवॉक चैंपियनशिप में गोल्ड मेडल जीतकर अपनी प्रतिभा का लोहा मनवाया है। हाल ही में, तेलंगाना में आयोजित पांचवीं इंडियन ओपन एथलेटिक्स चैंपियनशिप में भी आरती ने सिल्वर मेडल जीता था।

भारती सशस्त्र सीमा बल (SSB) में सिपाही के पद पर दिल्ली में तैनात हैं। वहीं, छोटी बेटी आरती पुणे में भारतीय सेना के कैंप में ट्रेनिंग ले रही हैं। पिता की प्रेरणा और खुद की मेहनत से ये दोनों बहनें खेल जगत में अपनी पहचान बना रही हैं।