Medical Student Among 4 Duped Scammers Siphon Off 845 Lakhs Police Investigating
मेडिकल की पढ़ाई कर रही छात्रा समेत चार को जालसाज़ों ने ठगा
नवभारत टाइम्स•
साइबर जालसाजों ने मेडिकल छात्रा सहित चार लोगों को निशाना बनाया। उन्होंने खातों से कुल 8.45 लाख रुपये ठग लिए। एक छात्रा से जीजा का दोस्त बनकर ठगी की गई। एक अन्य को बैंककर्मी बनकर निशाना बनाया गया। रुपये दोगुना करने का झांसा देकर भी ठगी हुई। पीड़ितों ने पुलिस में रिपोर्ट दर्ज कराई है।
लखनऊ: साइबर ठगों ने मेडिकल की पढ़ाई कर रही छात्रा समेत चार लोगों को अपना शिकार बनाया है। इन लोगों के खातों से कुल 8.45 लाख रुपये उड़ा दिए गए हैं। पीड़ितों ने मदेयगंज, गाजीपुर और गुडंबा थानों में शिकायत दर्ज कराई है। पुलिस मामले की जांच में जुटी है।
महाराजगंज की रहने वाली शांभवी पांडेय, जो इंदिरानगर के जनकल्याण अस्पताल से आप्टोमेट्री डिप्लोमा कोर्स कर रही हैं, को ठगी का सबसे नया शिकार बनाया गया। 24 फरवरी की शाम को उन्हें एक फोन आया। फोन करने वाले ने खुद को उनके जीजा का दोस्त बताया और कहा कि उनके जीजा अस्पताल में भर्ती हैं और पैसे ट्रांसफर नहीं हो पा रहे हैं। उसने कहा कि वह शांभवी को पैसे भेज रहा है और उनसे चेक करने को कहा। जब शांभवी ने चेक किया तो उनके खाते में दो रुपये आने का मैसेज आया। इसके बाद जालसाज ने एक बार कोड भेजा और शांभवी के खाते से 57 हजार रुपये निकाल लिए। ठगी का एहसास होने पर शांभवी ने गाजीपुर थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई है।इसी तरह, मदेयगंज में रहने वाले देवांशु शुक्ला को बैंककर्मी बनकर ठगा गया। उनके एक्सिस बैंक खाते से 20 फरवरी को एक कॉल आई। फोन करने वाले ने खुद को एक्सिस बैंक रिवॉर्ड सिस्टम का कर्मचारी बताया। इसके बाद जालसाज ने देवांशु से एक वेबसाइट पर अपने क्रेडिट कार्ड की जानकारी भरवाई। इस जानकारी का इस्तेमाल करके साइबर जालसाजों ने उनके खाते से 1,60,490 रुपये निकाल लिए।
मदेयगंज के ही खदरा चुंगी निवासी सुनील कुमार सिंह भी साइबर ठगी का शिकार हुए हैं। उनके बैंक ऑफ इंडिया के खाते से पांच बार में कुल 12,069 रुपये गायब हो गए। सुनील कुमार सिंह का कहना है कि उन्होंने अपनी बैंक से जुड़ी कोई भी जानकारी किसी को नहीं दी थी।
गुडंबा के फूलबाग निवासी लक्ष्मीकांत सिंह को तो दोगुना पैसा करने का लालच देकर ठगा गया। उन्होंने बताया कि वॉट्सऐप पर एक साइबर जालसाज ने उनसे संपर्क किया। जालसाज ने पैसे निवेश करने पर दोगुना करने का झांसा दिया। लक्ष्मीकांत सिंह ने कई बार में कुल 6.16 लाख रुपये जालसाज को ट्रांसफर कर दिए। इसके बाद से जालसाज ने अपना फोन बंद कर दिया। अब लक्ष्मीकांत सिंह ने गुडंबा पुलिस स्टेशन में रिपोर्ट दर्ज कराई है। पुलिस इन सभी मामलों की जांच कर रही है और साइबर ठगों को पकड़ने की कोशिश कर रही है। यह घटनाएं दिखाती हैं कि कैसे साइबर ठग अलग-अलग तरीकों से लोगों को अपना शिकार बना रहे हैं। लोगों को सलाह दी जाती है कि वे अपनी बैंक संबंधी जानकारी किसी के साथ साझा न करें और किसी भी अनजान लिंक या बार कोड पर क्लिक करने से पहले सावधानी बरतें।