सुपरटेक बायर्स को रजिस्ट्री की राहत, पर रोमानो में CAM चार्ज पर विवाद

नवभारत टाइम्स

सुप्रीम कोर्ट के फैसले से सुपरटेक खरीदारों को फ्लैट रजिस्ट्री की राहत मिली है। अधूरी परियोजनाओं को पूरा करने का जिम्मा एनबीसीसी को मिल सकता है। वहीं, सुपरटेक रोमानो के निवासी कॉमन एरिया मेंटिनेंस चार्ज को लेकर परेशान हैं। मेंटिनेंस एजेंसी बढ़े हुए शुल्क वसूल रही है। निवासियों ने केंद्रीय गृह मंत्री से हस्तक्षेप की मांग की है।

supertech buyers get registry relief dispute over cam charges in romano
सुप्रीम कोर्ट के 5 फरवरी 2026 के आदेश के बाद सुपरटेक के हजारों खरीदारों के लिए फ्लैट रजिस्ट्री का रास्ता खुल गया है। कोर्ट ने साफ कर दिया है कि बकाया भुगतान के आधार पर रजिस्ट्री रोकी नहीं जा सकती और अधूरी परियोजनाओं को पूरा करने का जिम्मा एनबीसीसी को सौंपा जा सकता है। हालांकि, नोएडा के सेक्टर-118 स्थित सुपरटेक रोमानो के निवासी इस फैसले से खुश तो हैं, लेकिन कॉमन एरिया मेंटिनेंस (CAM) चार्ज को लेकर उनका विवाद गहरा गया है। मेंटिनेंस एजेंसी वाईजी एस्टेट, पूर्व में दिए गए रोलबैक आदेश के बावजूद बढ़ा हुआ शुल्क वसूल रही है, जिससे निवासी मानसिक और आर्थिक उत्पीड़न महसूस कर रहे हैं। उन्होंने केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह से हस्तक्षेप की गुहार लगाई है और चेतावनी दी है कि अगर जल्द समाधान नहीं हुआ तो वे भूख हड़ताल और शांतिपूर्ण प्रदर्शन करेंगे।

सुप्रीम कोर्ट के एक अहम फैसले ने सुपरटेक के हजारों फ्लैट खरीदारों को बड़ी राहत दी है। 5 फरवरी 2026 को कोर्ट ने साफ कर दिया कि अगर खरीदारों का कोई बकाया है, तो सिर्फ इसी वजह से उनकी रजिस्ट्री रोकी नहीं जा सकती। साथ ही, कोर्ट ने यह भी कहा कि जो प्रोजेक्ट अधूरे रह गए हैं, उन्हें पूरा करने की जिम्मेदारी एनबीसीसी जैसी सरकारी एजेंसी को दी जा सकती है। इस फैसले से नोएडा के सेक्टर-118 में रहने वाले सुपरटेक रोमानो के निवासी काफी खुश हैं। उन्हें उम्मीद है कि अब उनके फ्लैट की रजिस्ट्री हो पाएगी।
लेकिन, इस खुशी के बीच एक नई मुसीबत आ गई है। सुपरटेक रोमानो के निवासी कॉमन एरिया मेंटिनेंस (CAM) चार्ज को लेकर परेशान हैं। निवासियों का आरोप है कि मेंटिनेंस का काम देखने वाली एजेंसी, वाईजी एस्टेट, पहले दिए गए एक आदेश के बावजूद उनसे ज्यादा पैसे वसूल रही है। निवासियों का कहना है कि एजेंसी उन्हें अतिरिक्त भुगतान के लिए मजबूर कर रही है, जो उनके लिए मानसिक और आर्थिक रूप से बहुत परेशान करने वाला है।

इस मामले में निवासियों ने आईआरपी हितेश गोयल को शिकायत भेजी है। इतना ही नहीं, उन्होंने केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह को भी एक पत्र लिखा है और उनसे इस मामले में दखल देने की अपील की है। खरीदारों ने साफ चेतावनी दी है कि अगर इस समस्या का जल्द कोई हल नहीं निकला, तो वे भूख हड़ताल और शांतिपूर्ण प्रदर्शन जैसे कदम उठाने से पीछे नहीं हटेंगे। फिलहाल, सुपरटेक रोमानो के निवासी एक तरफ रजिस्ट्री होने की खुशी मना रहे हैं, तो दूसरी तरफ मेंटिनेंस चार्ज के विवाद से उपजे तनाव में फंसे हुए हैं।