तीसरा शीत्सांग कला एवं संस्कृति महोत्सव ल्हासा में शुरू, तिब्बती और क्वांगतोंग ओपेरा का ऐतिहासिक प्रदर्शन

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Navbharat Times
बीजिंग, 27 जुलाई. दक्षिण-पश्चिम चीन के शीत्सांग स्वायत्त प्रदेश की राजधानी ल्हासा में 'एकजुट दिल, एक सपना: कला से नया शीत्सांग' विषय पर तीसरा शीत्सांग कला एवं संस्कृति महोत्सव रविवार रात शुरू हुआ. इस महोत्सव का मुख्य आकर्षण तिब्बती ओपेरा और क्वांगतोंग ओपेरा का ऐतिहासिक संयुक्त प्रदर्शन ‘शीत्सांग में तैनात: श्री चांग’ रहा, जो मानव अमूर्त सांस्कृतिक विरासत के रूप में मान्यता प्राप्त इन दोनों कला रूपों का पहला संयुक्त मंचन था. यह महोत्सव 26 जुलाई से 22 अगस्त तक चलेगा और इसका उद्देश्य जातीय एकता, पारिस्थितिक संरक्षण, ग्रामीण पुनरुद्धार और सीमावर्ती सुरक्षा जैसे विषयों पर कलात्मक सृजन को बढ़ावा देना है. सभी प्रदर्शन और प्रदर्शनियां निःशुल्क होंगी और दर्शक ‘लक्षित वितरण और ऑनलाइन आरक्षण’ के माध्यम से टिकट प्राप्त कर सकेंगे. इस वर्ष पहली बार पुरस्कारों के चयन में आम लोगों को भी निर्णायक बनाया गया है.

महोत्सव का उद्घाटन समारोह खास तौर पर तिब्बती ओपेरा और क्वांगतोंग ओपेरा के अनूठे संगम से सजा, जिसने दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर दिया. ‘शीत्सांग में तैनात: श्री चांग’ नामक इस प्रस्तुति ने दोनों पारंपरिक कला शैलियों को एक साथ लाकर इतिहास रचा. यह पहली बार था जब इन दोनों कला रूपों को, जिन्हें यूनेस्को द्वारा मानव अमूर्त सांस्कृतिक विरासत घोषित किया गया है, एक ही मंच पर प्रस्तुत किया गया. इस ऐतिहासिक प्रदर्शन को देखने के लिए स्थानीय लोगों और पर्यटकों की भारी भीड़ उमड़ी.
आयोजकों ने बताया कि पिछले कुछ सालों में शीत्सांग ने एक मजबूत पांच-स्तरीय सार्वजनिक सांस्कृतिक सेवा प्रणाली विकसित की है. इसके तहत लोगों के फायदे के लिए सांस्कृतिक कार्यक्रमों का नियमित आयोजन होता है. इस महोत्सव का मुख्य लक्ष्य कला के माध्यम से कई महत्वपूर्ण मुद्दों को उठाना है. इनमें लोगों का आपस में मिलजुलकर रहना (जातीय एकता), पर्यावरण की देखभाल (पारिस्थितिक संरक्षण), गांवों का विकास (ग्रामीण पुनरुद्धार) और देश की सीमाओं की सुरक्षा (सीमावर्ती सुरक्षा) शामिल हैं.

यह पूरा महोत्सव 26 जुलाई से शुरू होकर 22 अगस्त तक चलेगा. अच्छी बात यह है कि महोत्सव में होने वाले सभी प्रदर्शन और प्रदर्शनियां बिल्कुल मुफ्त हैं. लोग ‘लक्षित वितरण और ऑनलाइन आरक्षण’ की व्यवस्था के जरिए अपने टिकट ले सकते हैं. इस साल एक बड़ा बदलाव यह किया गया है कि पुरस्कारों के लिए जूरी में आम लोगों को भी शामिल किया गया है, जिससे निर्णयों में पारदर्शिता आएगी.

इसके अलावा, इस महोत्सव में कई नई प्रतियोगिताओं को भी जोड़ा गया है. लोक नृत्य प्रतियोगिता, वरिष्ठ नागरिकों के लिए नृत्य प्रतियोगिता और पेशेवर प्रतियोगिताओं के साथ-साथ पहली बार स्ट्रीट डांस को भी शामिल किया गया है. आने वाले दिनों में, थिएटर की प्रस्तुतियां, विभिन्न प्रतियोगिताएं और प्रदर्शनियां शीत्सांग की कला और संस्कृति की नई पीढ़ी की ऊर्जा को दिखाएंगी. ये कार्यक्रम शीत्सांग के प्राकृतिक सौंदर्य, सांस्कृतिक विरासत और विकास की कहानी को कई अलग-अलग तरीकों से पेश करेंगे. साथ ही, यह महोत्सव शीत्सांग के अंदर और बाहर के क्षेत्रों के बीच सांस्कृतिक आदान-प्रदान को और भी मजबूत करेगा.

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