दिल्ली पुलिस ने मणिपुर के वांछित उग्रवादी को किया गिरफ्तार, पीपुल्स लिबरेशन आर्मी से जुड़े होने का आरोप
दिल्ली पुलिस ने मणिपुर के वांछित उग्रवादी को किया गिरफ्तार, पीपुल्स लिबरेशन आर्मी से जुड़े होने का आरोप
NewsPoint•
दिल्ली पुलिस की क्राइम ब्रांच ने शुक्रवार को एक वांछित उग्रवादी को गिरफ्तार किया है। यह व्यक्ति मणिपुर के एक प्रतिबंधित संगठन ‘पीपुल्स लिबरेशन आर्मी’ (पीएलए) का सक्रिय सदस्य है। पुलिस के अनुसार, इस आरोपी पर आरोप है कि वह गैरकानूनी गतिविधियों में शामिल रहा है। इसकी गिरफ्तारी दक्षिण दिल्ली में हुई है। पुलिस को उसकी मौजूदगी की गुप्त सूचना मिली थी। इसी के आधार पर ऑपरेशन चलाकर उसे पकड़ा गया।
पुलिस के सूत्रों का कहना है कि आरोपी काफी समय से उन की नजरों से बचते हुए भाग रहा था। वह दक्षिण दिल्ली के एक गुप्त ठिकाने पर फर्जी पहचान के साथ रह रहा था। क्राइम ब्रांच की विशेष टीम ने पुख्ता जानकारी के आधार पर जाल बिछाया और उसे शुक्रवार को पकड़ लिया। शुरुआती जांच में पता चला है कि वह मणिपुर के थौबल पुलिस स्टेशन में दर्ज कई गंभीर मामलों में वांछित था। इस व्यक्ति पर ‘गैरकानूनी गतिविधियां (रोकथाम) अधिनियम’ (यूएपीए) के तहत गंभीर आरोप हैं। क्राइम ब्रांच अब मणिपुर पुलिस और केंद्रीय सुरक्षा एजेंसियों के साथ मिलकर उससे पूछताछ कर रही है। पुलिस यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि क्या दिल्ली में उसके छिपने का मकसद किसी बड़े हमले या साजिश को अंजाम देना था।
आपको बता दें कि ‘पीपुल्स लिबरेशन आर्मी’ (पीएलए) एक अलगाववादी संगठन है, जिसकी स्थापना 1978 में हुई थी। इसका मुख्य उद्देश्य मणिपुर को एक स्वतंत्र और संप्रभु राज्य बनाना है। पीएलए और इसके राजनीतिक विंग ‘रिवोल्यूशनरी पीपुल्स फ्रंट’ (आरपीएफ) को सरकार ने यूएपीए के तहत एक 'गैरकानूनी संगठन' घोषित किया हुआ है। गृह मंत्रालय (एमएचए) समय-समय पर इस प्रतिबंध को बढ़ाता रहता है।
यह गिरफ्तारी एक बड़ी सफलता है और इससे सुरक्षा एजेंसियों के प्रयासों को बल मिला है। आरोपी के खिलाफ आगे की कार्रवाई जारी है।