ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन से मरीजों को इलाज में मिलेगी राहत

नवभारत टाइम्स

गाजियाबाद के संयुक्त अस्पताल में अब ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन की सुविधा शुरू हो गई है। मरीज आभा आईडी ऐप का इस्तेमाल कर पर्ची बनवा सकते हैं। इससे लंबी लाइनों से छुटकारा मिलेगा और समय बचेगा। अस्पताल में प्रतिदिन 1500 से अधिक मरीज आते हैं। यह नई व्यवस्था स्वास्थ्य सेवाओं को आधुनिक बनाएगी।

ghaziabad joint hospital to provide great relief to patients with online registration saving time and freedom from crowds
गाजियाबाद के संयुक्त अस्पताल में मरीजों के लिए एक नई सुविधा शुरू हुई है। अब मरीज आभा आईडी ऐप का इस्तेमाल करके अपना रजिस्ट्रेशन करा सकते हैं। इस मोबाइल ऐप से पर्ची बनवाकर सीधे ओपीडी में डॉक्टर को दिखा सकेंगे। इससे लंबी लाइनों में लगने और समय बर्बाद होने से छुटकारा मिलेगा। रजिस्ट्रेशन काउंटर पर कर्मचारियों को इस ऐप के बारे में बताने के लिए भी बिठाया गया है।

रोजाना 1500 से ज्यादा मरीज इलाज के लिए अस्पताल आते हैं। सुबह 8 बजे से ओपीडी में पर्ची बननी शुरू होती है, लेकिन मरीजों को सुबह 7:30 बजे या उससे भी पहले लाइन में लगना पड़ता है। पर्ची बनने के बाद भी घंटों इंतजार करना पड़ता है। डॉ. योगेंद्र बताते हैं कि आयुष्मान भारत के तहत अस्पताल की सारी व्यवस्थाएं 100% ऑनलाइन की जा रही हैं।
इस नई व्यवस्था में मरीज खुद अपना रजिस्ट्रेशन कर सकते हैं। रजिस्ट्रेशन के बाद उन्हें एक टोकन नंबर मिलेगा। इसी टोकन नंबर के आधार पर वे संबंधित विभाग के डॉक्टर को ओपीडी में दिखा पाएंगे। इससे न सिर्फ मरीजों का समय बचेगा, बल्कि अस्पताल में भीड़ भी कम होगी। ई-ओपीडी के जरिए सभी विभागों के डॉक्टरों को पहले से ही ऑनलाइन टोकन सिस्टम से जोड़ा गया है, ताकि मरीजों को समय पर इलाज मिल सके।

जिला संयुक्त अस्पताल के सीएमएस डॉ. संजय गुप्ता ने कहा, "ऑनलाइन ओपीडी शुरू होने से अनावश्यक भीड़ कम होगी और समय पर इलाज मिल सकेगा।" यह ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन की व्यवस्था संयुक्त अस्पताल में स्वास्थ्य सेवाओं को आधुनिक और मरीजों के लिए आसान बनाने की दिशा में एक बड़ा कदम है।

पहले मरीजों को लंबी कतारों में खड़े होकर पर्ची लेनी पड़ती थी और फिर डॉक्टर से मिलने के लिए घंटों इंतजार करना पड़ता था। लेकिन अब इस नई तकनीक से यह सब आसान हो जाएगा। मरीज अपने मोबाइल फोन पर ही आभा आईडी ऐप डाउनलोड करके अपना रजिस्ट्रेशन कर सकते हैं। यह ऐप बिल्कुल फ्री है और इसे इस्तेमाल करना भी बहुत आसान है।

यह सुविधा उन लोगों के लिए बहुत फायदेमंद है जो दूर-दराज से आते हैं या जिन्हें काम से फुर्सत नहीं मिलती। अब वे घर बैठे ही अपना रजिस्ट्रेशन करा सकते हैं और अस्पताल आकर सीधे डॉक्टर से मिल सकते हैं। इससे अस्पताल के कर्मचारियों पर भी काम का बोझ कम होगा और वे मरीजों की बेहतर देखभाल कर पाएंगे।

यह कदम स्वास्थ्य सेवाओं को डिजिटल बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल है। इससे मरीजों को बेहतर और तेज स्वास्थ्य सेवाएं मिलेंगी। अस्पताल प्रशासन का मानना है कि इस नई व्यवस्था से मरीजों को काफी राहत मिलेगी और वे खुश होंगे।