Fake Birth Certificate In Love Marriage Hc Imposes Rs 50000 Fine Search For Accused Continues
लव मैरिज विवाद में लड़की का फर्ज़ी जन्म प्रमाणपत्र देने में HC की सख्ती
नवभारत टाइम्स•
नूंह जिले में लव मैरिज के मामले में नया मोड़ आया है। लड़की के परिजनों ने कोर्ट में फर्जी जन्म प्रमाणपत्र पेश कर उसे नाबालिग दिखाया था। पंजाब एवं हरियाणा हाई कोर्ट ने इस पर सख्त रुख अपनाया है। कोर्ट ने फर्जी प्रमाणपत्र पेश करने वाले पर 50 हजार रुपये का जुर्माना लगाया है।
नूंह जिले के फिरोजपुर झिरका में एक मुस्लिम युवती द्वारा हिंदू लड़के से लव मैरिज करने का मामला अब नया मोड़ ले चुका है। युवती के परिजनों ने कोर्ट में उसका फर्जी जन्म प्रमाण पत्र पेश कर उसे नाबालिग साबित करने की कोशिश की थी। इस मामले की जांच के बाद पंजाब एवं हरियाणा हाई कोर्ट ने फर्जी प्रमाण पत्र पेश करने वाले प्रतिवादी नंबर-4 पर 50 हजार रुपये का जुर्माना लगाया है। कोर्ट ने नूंह के डीसी को आदेश दिए हैं कि वे 6 महीने के भीतर प्रतिवादी को पकड़कर जुर्माने की रकम वसूलें।
यह पूरा मामला फिरोजपुर झिरका के वॉर्ड नंबर-1 की रहने वाली मुस्लिम युवती नजराना और पाडला गांव के हिंदू युवक मोहित से जुड़ा है। दोनों की दोस्ती इंस्टाग्राम पर हुई थी और यह दोस्ती प्यार में बदल गई। इसके बाद दोनों ने 12 जनवरी को अपनी मर्जी से कोर्ट मैरिज कर ली।शादी के बाद 2 फरवरी को नजराना ने एक वीडियो जारी किया था। इस वीडियो में उसने विधायक मामन खान पर ससुराल वालों को खतरा पहुंचाने का आरोप लगाया था। नजराना ने बताया था कि मामन खान उसके दूर के रिश्तेदार हैं। उसने यह भी आरोप लगाया था कि विधायक ने उसके परिवार के साथ मिलकर उसका फर्जी जन्म प्रमाण पत्र बनवाया था। इसी फर्जी प्रमाण पत्र को कोर्ट में पेश कर उसे नाबालिग बताया गया था।
यह मामला तब और गंभीर हो गया जब कोर्ट में फर्जी जन्म प्रमाण पत्र पेश किया गया। जांच के बाद यह बात सामने आई कि युवती के परिजनों ने उसे नाबालिग दिखाने के लिए जन्म प्रमाण पत्र में हेरफेर किया था। इस पर संज्ञान लेते हुए पंजाब एवं हरियाणा हाई कोर्ट ने सख्त कार्रवाई की है। कोर्ट ने फर्जीवाड़ा करने वाले प्रतिवादी नंबर-4 पर 50 हजार रुपये का भारी जुर्माना ठोंका है।
इसके साथ ही, कोर्ट ने नूंह के डीसी को यह भी निर्देश दिया है कि वे 6 महीने के अंदर इस प्रतिवादी को ढूंढें और जुर्माने की रकम वसूलें। यह फैसला लव मैरिज के मामले में फर्जीवाड़ा करने वालों के लिए एक बड़ा सबक है। कोर्ट ने साफ कर दिया है कि ऐसे मामलों में कानून के साथ खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। यह मामला अब नूंह जिले में चर्चा का विषय बना हुआ है।