Gdp Calculation Scale Changed Now 2022 23 Base Year Gst And E vehicle Data To Be Used
बदल गया पैमाना
नवभारत टाइम्स•
भारत की जीडीपी गणना का आधार वर्ष बदल गया है। अब 2022-23 को आधार वर्ष माना जाएगा। जीएसटी और ई-वाहन पोर्टल जैसे नए डेटा का इस्तेमाल होगा। वित्त वर्ष 2026-27 के लिए जीडीपी ग्रोथ का अनुमान 7 से 7.4% कर दिया गया है। अक्टूबर-दिसंबर तिमाही में अर्थव्यवस्था 7.8% की दर से बढ़ी। मैन्युफैक्चरिंग सेक्टर ने लगातार अच्छा प्रदर्शन किया है।
नई दिल्ली: भारत की अर्थव्यवस्था की रफ्तार तेज हो गई है। अब जीडीपी की गणना के लिए आधार वर्ष 2011-12 की जगह 2022-23 को माना जाएगा। इससे अर्थव्यवस्था के नए आंकड़े सामने आएंगे। साथ ही, GST और ई-वाहन पोर्टल जैसे आधुनिक डेटा का इस्तेमाल होगा। वित्त वर्ष 2026-27 के लिए जीडीपी ग्रोथ का अनुमान बढ़ाकर 7-7.4% कर दिया गया है। यह पिछले अनुमान से ज्यादा है। आम बजट से पहले आए इकनॉमिक सर्वे में FY2027 में 6.8-7.2% ग्रोथ का अनुमान था।
अक्टूबर-दिसंबर तिमाही में भारत की अर्थव्यवस्था ने 7.8% की शानदार रफ्तार पकड़ी। यह दिखाता है कि देश की आर्थिक स्थिति मजबूत हो रही है। पिछले कुछ सालों से मैन्युफैक्चरिंग सेक्टर का प्रदर्शन भी बहुत अच्छा रहा है। यह सेक्टर लगातार तरक्की कर रहा है और अर्थव्यवस्था को मजबूती दे रहा है। आधार वर्ष बदलने से जीडीपी के आंकड़े ज्यादा सटीक और वर्तमान स्थिति के अनुरूप होंगे। नए डेटा सोर्स जैसे GST और ई-वाहन पोर्टल से आर्थिक गतिविधियों की बेहतर तस्वीर मिलेगी। यह सब मिलकर भारत को आर्थिक रूप से और मजबूत बनाएंगे।