पुलिस को लोगों का फीडबैक

नवभारत टाइम्स

नरेला इंडस्ट्रियल एरिया में एनबीटी सुरक्षा कवच के तहत सुरक्षा ऑडिट हुआ। पुलिस और स्थानीय लोगों के सहयोग से अपराध कम हुआ है। स्ट्रीट क्राइम में कमी आई है। पुलिस की त्वरित कार्रवाई से लोगों का भरोसा बढ़ा है। सीसीटीवी कैमरे लगे हैं। हरियाणा में अपराधियों की आसान एंट्री एक चुनौती है। पुलिसिंग बेहतर है।

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नई दिल्ली: 'NBT सुरक्षा कवच' की टीम ने आउटर नॉर्थ जिले के नरेला इंडस्ट्रियल एरिया (NIA) में सुरक्षा का जायजा लिया। मंगलवार शाम को किए गए सुरक्षा ऑडिट में पुलिस के इंतजामों की पड़ताल की गई और स्थानीय लोगों से उनकी राय ली गई। इस दौरान अर्बन और रूरल दोनों इलाकों का मुआयना किया गया। लोगों ने DCP हरेश्वर वी. स्वामी द्वारा क्राइम कंट्रोल के लिए उठाए गए कदमों की तारीफ की। ऑडिट में यह बात सामने आई कि पुलिस और जनता के साथ मिलकर काम करने से नरेला इंडस्ट्रियल एरिया को दिल्ली के दूसरे इलाकों की तरह और भी सुरक्षित बनाया जा सकता है।

नरेला इंडस्ट्रियल एरिया में सुरक्षा की पड़ताल के लिए 'NBT सुरक्षा कवच' की टीम पहुंची। टीम ने इलाके के अर्बन और रूरल हिस्सों का दौरा किया और वहां की सुरक्षा व्यवस्था को परखा। इस दौरान स्थानीय लोगों से बातचीत की गई ताकि उनकी सुरक्षा से जुड़ी चिंताओं और सुझावों को समझा जा सके। लोगों ने पुलिस की तरफ से उठाए गए कदमों की सराहना की, खासकर DCP हरेश्वर वी. स्वामी के प्रयासों को सराहा गया।
सुरक्षा ऑडिट के दौरान NIA थाना एसएचओ मनोज कुमार और उनका स्टाफ भी मौजूद रहा। यह ऑडिट जेजे कॉलोनी बवाना को जोड़ने वाले इलाके में किया गया। ऑडिट से यह साफ हुआ कि अगर पुलिस और आम जनता मिलकर काम करें, तो नरेला इंडस्ट्रियल एरिया को दिल्ली के अन्य सुरक्षित इलाकों की तरह और भी बेहतर बनाया जा सकता है।

यह इलाका ज्यादातर निजी कॉलोनियों और गांवों से घिरा हुआ है। यहां के लोग कभी-कभी छोटी-मोटी स्ट्रीट क्राइम का सामना करते हैं। लेकिन NIA थाने के बीट स्टाफ की तेज प्रतिक्रिया के कारण लोगों का भरोसा बढ़ा है। स्थानीय लोगों का कहना है कि पहले की तुलना में अब स्ट्रीट क्राइम काफी कम हो गया है।

स्थानीय निवासी और आरडब्ल्यूए (रेजिडेंट वेलफेयर एसोसिएशन) के सदस्यों का मानना है कि इलाका पहले से काफी विकसित हुआ है। हर जगह पुलिस के सरकारी और निजी सीसीटीवी कैमरे लगे हुए हैं। हालांकि, कभी-कभी स्नैचिंग या चोरी जैसी घटनाएं हो जाती हैं। लेकिन पुलिस हर शिकायत पर तुरंत कार्रवाई करती है।

यहां कच्ची कॉलोनियां भी हैं। पुलिस के लिए एक बड़ी चुनौती यह है कि अपराधी अपराध करने के बाद आसानी से हरियाणा में भाग जाते हैं। इसके बावजूद, पुलिसिंग के मामले में यह थाना कई तरह से काफी मजबूत है।

ऑडिट के दौरान यह बात सामने आई कि पुलिस और पब्लिक के बीच तालमेल से नरेला इंडस्ट्रियल एरिया को और भी सुरक्षित बनाया जा सकता है। लोगों ने पुलिस के त्वरित रिस्पॉन्स की तारीफ की, जिससे स्ट्रीट क्राइम में कमी आई है। सीसीटीवी कैमरों की मौजूदगी और पुलिस की सक्रियता से लोग सुरक्षित महसूस करते हैं। हालांकि, हरियाणा से सटे होने के कारण अपराधियों के भागने की आशंका बनी रहती है, जिस पर पुलिस को और ध्यान देने की जरूरत है। कुल मिलाकर, नरेला इंडस्ट्रियल एरिया में सुरक्षा की स्थिति पहले से बेहतर हुई है और पुलिस-पब्लिक के सहयोग से इसे और मजबूत किया जा सकता है।