MF निवेशक अब खुद लॉक कर सकेंगे अपना फोलियो

नवभारत टाइम्स

म्यूचुअल फंड निवेशकों के लिए एक बड़ी खबर है। सेबी ने अब निवेशकों को अपने फोलियो को लॉक करने की सुविधा दी है। यह सुविधा 30 अप्रैल से शुरू होगी। इससे निवेशक अपने पैसे को और सुरक्षित कर सकेंगे। जब तक निवेशक खुद फोलियो को अनलॉक नहीं करेंगे, तब तक कोई यूनिट बेची या ट्रांसफर नहीं की जा सकेगी।

MF निवेशक अब खुद लॉक कर सकेंगे अपना फोलियो
बाजार नियामक सेबी ( SEBI ) ने म्यूचुअल फंड निवेशकों के पैसे को और सुरक्षित बनाने के लिए एक बड़ा कदम उठाया है। सेबी ने शुक्रवार को म्यूचुअल फंड निवेशकों के लिए ' वॉलंटरी डेबिट फ्रीज ' (अपनी मर्जी से निकासी रोकने) की सुविधा शुरू की है। यह सुविधा 30 अप्रैल से डीमैट और बिना डीमैट वाले दोनों तरह के फोलियो पर लागू होगी। इसका मुख्य उद्देश्य निवेशकों की डिजिटल सुरक्षा को और मजबूत करना है। इस सुविधा के ज़रिए निवेशक यह पक्का कर सकेंगे कि जब तक वे खुद अपने फोलियो को 'अनलॉक' न करें, तब तक उनके म्यूचुअल फंड फोलियो से कोई भी यूनिट बेची या ट्रांसफर न की जा सके।

सेबी के अनुसार, शुरुआत में फोलियो को लॉक करने की यह सुविधा 'रजिस्ट्रार और ट्रांसफर एजेंट' (RTA) द्वारा 'MF सेंट्रल' प्लेटफॉर्म के माध्यम से दी जाएगी। यह सुविधा केवल उन्हीं निवेशकों के लिए उपलब्ध होगी जिनका KYC पूरा है और जिनका ईमेल आईडी और मोबाइल नंबर रजिस्टर्ड है।
यह नई सुविधा निवेशकों को अपने निवेश पर ज़्यादा नियंत्रण देगी। अब वे खुद तय कर सकेंगे कि उनके फंड से कब और कैसे निकासी हो। यह कदम डिजिटल धोखाधड़ी के बढ़ते मामलों को देखते हुए उठाया गया है। इससे निवेशकों को मानसिक शांति मिलेगी कि उनका पैसा सुरक्षित है।

यह 'वॉलंटरी डेबिट फ्रीज' सुविधा एक तरह का डिजिटल ताला है जिसे निवेशक अपने फोलियो पर लगा सकते हैं। जब तक वे खुद इस ताले को नहीं खोलते, तब तक कोई भी उनके फंड से यूनिट्स को बेच या ट्रांसफर नहीं कर पाएगा। यह सुविधा उन निवेशकों के लिए बहुत फायदेमंद होगी जो अपने निवेश को लेकर ज़्यादा सतर्क रहना चाहते हैं।

सेबी ने यह भी स्पष्ट किया है कि यह सुविधा केवल उन्हीं निवेशकों के लिए है जिन्होंने अपना KYC (अपने ग्राहक को जानें) पूरा करवा लिया है। साथ ही, उनका ईमेल आईडी और मोबाइल नंबर भी उनके फोलियो से जुड़ा होना चाहिए। यह सुनिश्चित करेगा कि केवल असली निवेशक ही इस सुविधा का लाभ उठा सकें और किसी भी तरह के अनधिकृत उपयोग को रोका जा सके।