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नवभारत टाइम्स

मच्छरों ने करीब 29 लाख साल पहले इंसानों को काटना शुरू किया था। शोधकर्ताओं का मानना है कि जब होमो इरेक्टस दक्षिण-पूर्व एशिया पहुंचे, तब उनकी गंध ने मच्छरों में यह आदत विकसित की। आज भी मच्छरों की हजारों प्रजातियों में से केवल कुछ ही इंसानों को काटती हैं। यह शोध साइंटिफिक रिपोर्ट्स में प्रकाशित हुआ है।

mosquitoes started biting humans 29 million years ago research reveals
मच्छरों ने इंसानों को करीब 29 लाख साल पहले काटना शुरू किया था। वैज्ञानिकों का मानना है कि जब होमो इरेक्टस, यानी सीधे खड़े होकर चलने वाले इंसान, दक्षिण-पूर्व एशिया पहुंचे, तो उनकी खास गंध ने मच्छरों को इंसानों को काटने के लिए प्रेरित किया। आज भी मच्छरों की करीब 3600 प्रजातियों में से सिर्फ 100 के आसपास ही इंसानों को काटती हैं। यह जानकारी Scientific Reports में छपी एक रिसर्च में सामने आई है।

यह रिसर्च बताती है कि मच्छरों का इंसानों को काटने का इतिहास बहुत पुराना है। करीब 29 लाख साल पहले, जब हमारे पूर्वज होमो इरेक्टस दक्षिण-पूर्व एशिया में घूम रहे थे, तब मच्छरों ने उन्हें अपना शिकार बनाना शुरू किया। वैज्ञानिकों का मानना है कि इंसानों की एक खास तरह की गंध थी, जिसने मच्छरों को आकर्षित किया और उन्हें काटने की आदत डाल दी।
आज भी मच्छरों की हजारों प्रजातियां हैं, लेकिन उनमें से बहुत कम ही इंसानों के खून की प्यासी हैं। कुल मिलाकर 3600 प्रजातियां हैं, पर सिर्फ लगभग 100 प्रजातियां ही इंसानों को काटती हैं। बाकी मच्छर शायद दूसरे जानवरों का खून पीते हैं या उनका खान-पान अलग होता है।

यह अहम जानकारी Scientific Reports नाम की एक जानी-मानी साइंस मैगजीन में प्रकाशित हुई है। इस रिसर्च से हमें मच्छरों और इंसानों के बीच के इस पुराने रिश्ते को समझने में मदद मिलती है।