It Departments Strict Action Against Tehsildars Hiding Property Deal Data Will Face Legal Action
प्रॉपर्टी सौदों का डेटा नहीं देने वाले तहसीलदारों पर होगी कानूनी कार्रवाई!
नवभारतटाइम्स.कॉम•
n NBT रिपोर्ट, गुड़गांव
प्रॉपर्टी के बड़े सौदों का डेटा छिपाने और गलत PAN नंबर देने वाले तहसीलदारों पर इनकम टैक्स विभाग कानूनी कार्रवाई करने पर विचार कर रहा है। इस संबंध में आयकर विभाग के प्रधान महानिदेशक ने हरियाणा के मुख्य सचिव को पत्र लिखा है। जिसमें इन कमियों को दूर करने के लिए जरूरी कदम उठाने और जवाबदेही तय करने की बात कही गई है। इसके बाद भी सुधार नहीं हुआ तो लापरवाह अधिकारियों पर एक्शन होगा।तहसीलों में करोड़ों रुपये के प्रॉपर्टी सौदों की सही जानकारी नहीं देने और गलत पैन नंबर दर्ज करने वाले अधिकारी अब सीधे इनकम टैक्स विभाग के रडार पर आ चुके हैं। बताया जा रहा है कि तहसीलदार या तो प्रॉपर्टी के लेन-देन की जानकारी नहीं दे रहे हैं या फिर गलत पैन नंबर के साथ रिपोर्ट भेज रहे हैं। इससे बड़े प्रॉपर्टी सौदों की निगरानी और टैक्स से जुड़ी जांच प्रभावित हो रही है।
65 हजार करोड़ रुपये के सौदे की जांच: इनकम टैक्स विभाग का इंटेलिजेंस एंड क्रिमिनल इन्वेस्टिगेशन (I&CI) विंग चंडीगढ़ की ओर से बादशाहपुर उप-तहसील में 2024-26 के बीच के 65 हजार करोड़ रुपये के सौदे की जांच सर्वे के दौरान की गई। इसमें से 29 हजार करोड़ की रिपोर्ट नहीं की गई है वहीं 36 हजार करोड़ की जानकारी गलत पैन नंबर के साथ रिपोर्ट की गई।
गुड़गांव जिले की तहसीलों पर विशेष नजर: हरियाणा में करीब 140 तहसीलें हैं, लेकिन इनकम टैक्स विभाग की नजर खास तौर पर गुड़गांव और आसपास के इलाकों पर है। यहां बड़े प्रॉपर्टी सौदे होने के कारण लेन-देन की सही जानकारी जरूरी है। गुड़गांव, वजीराबाद, बादशाहपुर और कादीपुर जैसी तहसीलों में पहले भी रिकॉर्ड की जांच और सर्वे किए जा चुके हैं।