रत्नागिरी में कबाड़ गोदाम में लगी भीषण आग, 2 लाख रुपये से अधिक का नुकसान
रत्नागिरी में कबाड़ गोदाम में लगी भीषण आग, 2 लाख रुपये से अधिक का नुकसान
NewsPoint•
रत्नागिरी जिले के संगमेश्वर में सोमवार रात एक कबाड़ के गोदाम में भयंकर आग लग गई। इस आग में गोदाम में रखा काफी कबाड़ जलकर राख हो गया। शुरुआती जानकारी के मुताबिक, इस घटना में करीब दो लाख रुपये का नुकसान हुआ है। आग इतनी तेज थी कि आसपास के घरों और दुकानों को भी खतरा हो गया था। लेकिन दमकलकर्मियों की तत्परता से हालात काबू में आ गए और एक बड़ा हादसा टल गया।
संगमेश्वर में मारुति मंदिर के सामने अमित पासवान का कबाड़ गोदाम है। यहाँ करीब दो बजे आग लगने की सूचना मिली। गोदाम में कबाड़ का बड़ा ढेर जमा था, जिससे आग ने तेजी से विकराल रूप ले लिया। आग की लपटें देख कर क्षेत्र में अफरा-तफरी मच गई। इसके बाद तुरंत दमकल विभाग को सूचना दी गई और राहत व बचाव कार्य शुरू हुआ। दमकलकर्मियों ने रात 12:48 बजे आग बुझाने का काम शुरू किया। तात्कालिक खतरे को देखते हुए देवरुख की दमकल टीम सबसे पहले घटनास्थल पर पहुँची।आग को बुझाने के लिए चिपलून नगर परिषद, रत्नागिरी एमआईडीसी और रत्नागिरी नगर परिषद की दमकल गाड़ियों को भी बुलाया गया। गोदाम में ज्वलनशील सामग्री की अधिकता के कारण आग बुझाने में काफी कठिनाई हुई। दमकल टीमों ने पूरी रात काम किया और सुबह करीब सात बजे आग पर पूरी तरह से काबू पाया।
इस अभियान में दमकल विभाग के कर्मचारियों ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। क्रू लीडर लिंगप्पा हलमानी, सागर तलेकर, आकाश करंडे और अन्य दमकलकर्मियों ने अपनी मेहनत से आग बुझाने का प्रयास किया। उनकी क्षमता के चलते आग को आसपास के घरों और दुकानों तक फैलने से रोका जा सका। स्थानीय लोगों के लिए यह राहत की बात थी कि दमकल टीमों ने समय रहते स्थिति को नियंत्रित कर लिया। यदि आग आस-पास की इमारतों तक फैल जाती, तो नुकसान और भी ज्यादा हो सकता था।
लेकिन फिलहाल आग लगने के कारणों का पता नहीं चल पाया है। नुकसान का सही आकलन भी अभी शेष है। शुरुआती जानकारी के अनुसार, गोदाम में पड़ा कबाड़ बड़े पैमाने पर जल गया है और अनुमानित नुकसान दो लाख रुपये से अधिक होने की बात कही जा रही है। घटना के बाद पूरे इलाके में चिंता का माहौल है। आग लगने के कारणों और वास्तविक नुकसान की पुष्टि जांच के बाद ही हो पाएगी।
इस पूरी घटना ने लोगों को सरकारी सुरक्षा व्यवस्थाओं की अहमियत और आग बुझाने के काम में दमकल अधिकारियों की मेहनत को सोचने पर मजबूर कर दिया है। ऐसी घटनाएं हमें यह याद दिलाती है कि सुरक्षा के लिए हमेशा सजग रहना जरूरी है।