Madarsa Exam Evaluation 30 To 6 Centers Questions On Evaluation Of 7 Lakh Copies
मदरसा परीक्षा : मूल्यांकन केंद्र घटे, सिर्फ छह केंद्रों पर भेजी गईं सात लाख कॉपियां
नवभारत टाइम्स•
उप्र मदरसा शिक्षा परिषद ने वार्षिक परीक्षाओं की उत्तर पुस्तिकाएं जांचने के लिए मूल्यांकन केंद्रों की संख्या में भारी कटौती की है। पहले जहां 30 से 35 केंद्र होते थे, वहीं अब सिर्फ छह केंद्रों पर सात लाख कॉपियां जांची जाएंगी। यह मूल्यांकन रमजान के अवकाश के दौरान होगा। शिक्षकों ने इस व्यवस्था पर सवाल उठाए हैं।
लखनऊ: उत्तर प्रदेश मदरसा शिक्षा परिषद ने वार्षिक परीक्षाओं की कॉपियां जांचने के लिए मूल्यांकन केंद्रों की संख्या अचानक बहुत कम कर दी है। पहले जहां 30 से 35 केंद्र होते थे, वहीं इस बार सिर्फ छह केंद्र ही बनाए गए हैं। इन छह केंद्रों पर ही पूरे प्रदेश की करीब सात लाख कॉपियों का मूल्यांकन होगा। यह मूल्यांकन ऐसे समय में हो रहा है जब मदरसों में रमजान की लंबी छुट्टियां चल रही हैं। इस फैसले से मदरसा शिक्षकों में भारी नाराजगी है।
टीचर्स असोसिएशन मदारिस अरबिया (उप्र) के महासचिव हाजी दीवान साहब जमा ने इस व्यवस्था पर सवाल उठाए हैं। उन्होंने कहा कि मूल्यांकन केंद्रों की संख्या कम होने से कॉपियों की जांच ठीक से हो पाएगी या नहीं, यह एक बड़ा सवाल है। एक-एक केंद्र पर 10 से 16 जिलों की कॉपियां भेजी जा रही हैं।अल्पसंख्यक कल्याण राज्य मंत्री दानिश आजाद अंसारी ने कहा कि उन्हें मूल्यांकन केंद्रों की संख्या कम किए जाने की जानकारी नहीं है। उन्होंने कहा कि वह इस मामले में अधिकारियों से बात करेंगे।
मदरसा शिक्षा परिषद के इस फैसले से शिक्षकों में गुस्सा है। उनका कहना है कि इतने कम केंद्रों पर इतनी सारी कॉपियों की जांच करना बहुत मुश्किल होगा। इससे मूल्यांकन की गुणवत्ता पर भी असर पड़ सकता है। शिक्षकों का मानना है कि यह व्यवस्था ठीक नहीं है और इससे छात्रों के भविष्य पर भी असर पड़ सकता है।
यह पहली बार है जब मूल्यांकन केंद्रों की संख्या इतनी कम की गई है। पहले हर जिले में या आसपास के जिलों को मिलाकर मूल्यांकन केंद्र बनाए जाते थे, जिससे शिक्षकों को आसानी होती थी। लेकिन इस बार सिर्फ छह केंद्रों पर ही सारी जिम्मेदारी डाल दी गई है।