सेक्टर-89 की ग्रीनबेल्ट से हरियाली हुई गायब, हर तरफ फैली गंदगी

नवभारत टाइम्स

फरीदाबाद के सेक्टर-89 की ग्रीनबेल्ट अब समस्याओं का केंद्र बन गई है। रखरखाव की कमी से हरियाली गायब हो गई है और चारों ओर गंदगी फैल गई है। लावारिस पशुओं का जमावड़ा और असामाजिक तत्वों की नशाखोरी से निवासी भयभीत हैं। नियमित सफाई न होने से दुर्गंध फैल रही है।

सेक्टर-89 की ग्रीनबेल्ट से हरियाली हुई गायब, हर तरफ फैली गंदगी
फरीदाबाद के सेक्टर-89 में पुरी लैवेंडर सोसायटी के पीछे बनी ग्रीनबेल्ट इन दिनों बदहाली का शिकार है। रखरखाव की कमी के चलते यह जगह अब हरियाली की बजाय समस्याओं का अड्डा बन गई है। यहां लावारिस पशु घूमते रहते हैं और चारों ओर फैला कचरा माहौल को दूषित कर रहा है। रात में असामाजिक तत्व यहां नशाखोरी करते हैं, जिससे महिलाओं, बुजुर्गों और बच्चों में डर का माहौल है। जो जगह सुबह-शाम टहलने के लिए थी, वह अब असुरक्षित लगने लगी है।

आरडब्ल्यूए प्रधान संजय रावत और निवासी आशीष गौड़ ने बताया कि ग्रीनबेल्ट में नियमित सफाई न होने से बदबू फैलती है। इससे सोसायटी और आसपास के घरों में रहने वाले लोगों को काफी दिक्कत होती है। उन्होंने कहा कि ग्रीनबेल्ट का मकसद पर्यावरण को बेहतर बनाना और लोगों को साफ-सुथरा माहौल देना था, लेकिन अब हालात इसके बिल्कुल उलट हैं।
निवासी रोहताश और मुकेश ने प्रशासन से मांग की है कि ग्रीनबेल्ट का ठीक से विकास किया जाए। वहां नियमित सफाई की व्यवस्था हो और असामाजिक गतिविधियों पर सख्ती से रोक लगाई जाए। उन्होंने चेतावनी दी है कि अगर इस पर ध्यान नहीं दिया गया तो भविष्य में यह समस्या और भी बढ़ जाएगी, जिसका खामियाजा पूरे इलाके को भुगतना पड़ेगा।

यह ग्रीनबेल्ट कभी शहर की हरियाली का प्रतीक थी, लेकिन अब यह गंदगी और अपराध का केंद्र बन गई है। लावारिस पशुओं का यहां डेरा रहता है, जो लोगों के लिए परेशानी का सबब बनते हैं। चारों तरफ फैला कचरा न केवल बदबू फैलाता है, बल्कि बीमारियों को भी न्योता देता है।

रात के अंधेरे में यह ग्रीनबेल्ट असामाजिक तत्वों का अड्डा बन जाती है। यहां खुलेआम नशाखोरी होती है, जिससे आसपास रहने वाले लोग, खासकर महिलाएं और बच्चे, डरे-सहमे रहते हैं। सुबह की सैर के लिए इस्तेमाल होने वाली यह जगह अब सुरक्षित महसूस नहीं होती।

सोसायटी के निवासी इस स्थिति से बहुत परेशान हैं। वे चाहते हैं कि प्रशासन इस मामले को गंभीरता से ले और ग्रीनबेल्ट को फिर से एक सुरक्षित और स्वच्छ जगह बनाए। उनकी मांग है कि नियमित सफाई हो, सुरक्षा के इंतजाम किए जाएं और असामाजिक तत्वों पर कड़ी कार्रवाई हो। अगर ऐसा नहीं हुआ तो यह समस्या और विकराल रूप ले सकती है।