'आई लव मोहम्मद कहूंगा', हिम्मत है तो फांसी दो: जियाउर्रहमान बर्क

नवभारतटाइम्स.कॉम

संभल में सरकारी जमीन पर बनी मुस्तफा कादरी मस्जिद का ध्वस्तीकरण जारी रहा। सपा सांसद जियाउर्रहमान बर्क ने कार्रवाई पर सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि 'आई लव मोहम्मद' कहने पर फांसी दे दो। मस्जिद से मिले हरे झंडे को मजहबी बताया। सांसद ने प्रशासन पर मुद्दे भटकाने का आरोप लगाया।

i will say i love mohammad give me a noose if you have courage ziaur rahman bark

nआईएएनएस, संभल: सरकारी जमीन पर बनाई गई मुस्तफा कादरी मस्जिद ध्वस्तीकरण अभियान रविवार को भी जारी रहा। जिला प्रशासन की टीम ने मस्जिद के बाकी हिस्सों को बुलडोजर से जमींदोज करवाया। इस बीच सपा सांसद जियाउर्रहमान बर्क ने कार्रवाई पर नाराजगी जताई है। मस्जिद परिसर से 'आई लव मोहम्मद' वाले पोस्टर और एक झंडा मिलने का दावा किया गया है, जिसकी जांच चल रही है। इसे लेकर सांसद ने रविवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस करते हुए कहा कि आई लव मोहम्मद के पोस्टर को लेकर किस धारा के तहत केस किया जा सकता है। मैं आई लव मोहम्मद कहता हूं, हिम्मत है तो मुझे फांसी दे दो।

सांसद ने कहा कि हरे रंग का झंडा हमारे मजहब से ताल्लुक रखता है। इसे पाकिस्तान या फिर दूसरे देश से कैसे जोड़ा जा सकता है? हरा झंडा पाकिस्तान या बांग्लादेश का प्रतीक नहीं है, बल्कि ईद-मिलादुन्नबी जैसे धार्मिक अवसरों पर मुसलमानों द्वारा इस्तेमाल किया जाने वाला धार्मिक झंडा है। आरोप लगाया कि अधिकारी मुद्दे को भटकाने के लिए प्रोपेगैंडा कर रहे हैं। संभल में मस्जिद, मदरसे, कब्रिस्तान, ईदगाह और मजारों को लगातार टारगेट किया जा रहा है। यह भाजपा सरकार की नीति है, जो चुनावी फायदे के लिए हिंदू-मुस्लिम विभाजन करती है। हमारा काम लोगों को बांटना नहीं है। हम सब एक हैं और भाजपा को हटाना चाहते हैं। चेताते हुए कहा कि अगर गलत रिपोर्ट दर्ज की गई तो कोर्ट में चुनौती दी जाएगी। वहीं, सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर पोस्ट करते हुए लिखा कि जुल्म की इंतिहा हो गई। लाख कोशिशों, गुजारिशों और कानूनी प्रयासों के बावजूद सम्भल प्रशासन द्वारा कसेरवा गांव में मस्जिद को शहीद कर दिया गया। ऐसा महसूस होता है कि अधिकारियों द्वारा आंखों पर पट्टी बांधकर एक तय निशाने के साथ कार्रवाई की जा रही है। याद रखिए, भारत का संविधान किसी को भी कानून से ऊपर होने की इजाजत नहीं देता।