n NBT रिपोर्ट, गुड़गांव
मानेसर में घरों से कूड़ा उठाने वाली एजेंसी और मेयर के बीच विवाद थमने का नाम नहीं ले रहा है। इस मामले में अब मेयर और सीनियर डिप्टी मेयर व डिप्टी मेयर की टीम आमने-सामने आ गए हैं। सीनियर डिप्टी मेयर ने मेयर पर एजेंसी की गाड़ियों की जांच पर सवाल उठाए हैं। उनका कहना है कि जांच के नाम पर मेयर मीडिया ट्रायल करवा रहीं हैं, वह पापुलिरिटी के लिए ऐसा कर रही हैं। मेयर के पति पर धमकी देने का भी आरोप लगाया है। यह भी आरोप है कि मेयर का पति इस काम में पचास फीसदी हिस्सा चाहता है।
दिसंबर 2025 में नगर निगम मानेसर की ओर से पूजा कॉन्स्यूलेशन नामक एजेंसी को घरों से कूड़ा उठाने का काम पांच साल के लिए दिया था। 65 करोड़ रुपये के इस टेंडर के तहत एजेंसी ने काम शुरू कर दिया। 2 लाख 10 हजार यूनिट, जिसमें रेजीडेंशल, कर्मशल और इंडस्ट्री आदि से कूड़ा उठाना है। हर दिन यहां पर 200 टन कूड़ा निकल रहा है। एजेंसी ने 6 माह में एक लाख 35 हजार यूनिट के लिए 135 वाहन लगाए हैं। सभी पर जीपीएस लगाए जाने का एजेंसी का दावा है। इनकी ही अभी तक पेमेंट हुई है। विवाद उस समय हुआ, जब मेयर के पति राकेश यादव की दखल इसमें बढ़ी। बीजेपी में शामिल होने के बाद उनकी दखल यहां पर बढ़ी है। पहले एजेंसी और अब सीनियर डिप्टी मेयर प्रवीण यादव ने मेयर के पति राकेश यादव पर धमकी देने का आरोप लगाया है। इस मामले में मेयर की टीम ने दो बार गांव कांकरौला में एजेंसी की गाड़ियों का निरीक्षण किया। पहली बार तो मेयर वहां पर निरीक्षण करने के लिए पहुंचीं ही नहीं, जबकि उनके पति अपने लाेगों के अलावा पार्षद प्रतिनिधियों के साथ पहुंचे। इस दौरान एजेंसी के ड्राइवरों के साथ अभद्रता व उनके माेबाइल और गाड़ियों की चाबी रखने का आरोप लगा। अब दोबारा से गाड़ियाें का निरीक्षण रविवार को हुआ। करीब पांच घंटे तक मेयर, सीनियर डिप्टी मेयर, डिप्टी मेयर, जॉइंट कमिश्नर सहित अन्य अधिकारी व एजेंसी के प्रतिनिधि मौजूद रहे। मामला बढ़ने पर पुलिस भी बुला ली गई। इस मामले में मेयर डॉ. इंद्रजीत कौर ने बताया कि एजेंसी के खिलाफ पंचकूला में सोमवार को सीएम को शिकायत दी गई है। मुख्यमंत्री ने निष्पक्ष जांच का आश्वासन दिया है।

