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बीमा नियामक आईआरडीएआई ने क्लेम और क्लेम सेटलमेंट रेशियो की नई परिभाषा मांगी है। कई कंपनियां रिजेक्ट हुए क्लेम को भी सेटल दिखा देती हैं। विशेषज्ञों का कहना है कि जब तक ग्राहक संतुष्ट न हो, क्लेम को सेटल नहीं माना जाना चाहिए। यह बदलाव ग्राहकों के हितों की रक्षा के लिए महत्वपूर्ण है।

irdais new definition demand for transparency in claim settlement ratio

IRDAI ने 'क्लेम' और ' क्लेम सेटलमेंट रेशियो ' की एक मानक परिभाषा मांगी है।

कई कंपनियां रिजेक्ट किए गए क्लेम्स को भी कागजों में 'सेटल' दिखा देती हैं।

एक्सपर्ट का कहना है, जब तक ग्राहक संतुष्ट न हो, क्लेम को 'सेटल' नहीं माना जाना चाहिए।