पीटीआई, नई दिल्ली: इनकम टैक्स विभाग ने बैंकों और म्यूचुअल फंड्स द्वारा जमा किए जाने वाले वित्तीय लेनदेन के विवरण (SFT) की जांच की है। विभाग के अधिकारियों ने कहा कि SFT रिपोर्टिंग में कुछ बहुत ही सामान्य गलतियां देखी गई हैं। इनमें गलत या अधूरा पैन नंबर देना, एक ही ट्रांजैक्शन की दो बार रिपोर्टिंग करना, लेनदेन की गलत वैल्यू दिखाना, फाइलिंग से पहले रेकॉर्ड का मिलान न करना, जमा करने से पहले क्वालिटी चेक न करना और फाइलिंग में देरी करना शामिल है। अधिकारियों ने सोमवार को बताया कि इन गलतियों की वजह से आम टैक्सपेयर्स को काफी परेशानी हो रही है। वित्तीय वर्ष 2025-26 के लिए SFT फाइल करने की आखिरी तारीख 31 मई, 2026 है।

