मायावती को अब भतीजी दीपिका पर भरोसा

नवभारत टाइम्स
मायावती को अब भतीजी दीपिका पर भरोसा
(फोटो- नवभारत टाइम्स)
NBT रिपोर्ट, लखनऊ: बहुजन समाज पार्टी (बीएसपी) में आकाश आनंद को निष्कासित किए जाने के बाद अब उनके छोटे भाई ईशान आनंद की राजनीतिक राह पर भी ब्रेक लगता दिख रहा है। बीएसपी प्रमुख मायावती ने अपने छोटे भाई और पार्टी के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष आनंद कुमार के दोनों बेटों को लेकर बड़ा फैसला स्पष्ट कर दिया है।

उन्होंने कहा है कि आनंद कुमार के किसी भी बेटे को बीएसपी में छोटे-बड़े किसी पद पर रहकर राजनीति करने का मौका नहीं दिया जाएगा। इसके उलट जरूरत पड़ने पर आनंद कुमार अपनी इकलौती बेटी कुमारी दीपिका आनंद की मदद ले सकते हैं या फिर उसे अपनी जिम्मेदारी सौंप सकते हैं। मायावती की नई घोषणा को ईशान आनंद के लिए बड़ा झटका माना जा रहा है क्योंकि उन्हें 6 सितंबर को ही 15 राज्यों का मुख्य सेक्टर प्रभारी बनाया गया था और आकाश आनंद को निकाले जाने के बाद पार्टी में उनकी भूमिका अहम होने की अटकलें लगायी जा रही थीं। बीएसपी सुप्रीमो ने ऐसी सभी अटकलों पर विराम लगा दिया है।
कौन हैं दीपिका आनंद ? : कुमारी दीपिका आनंद बीएसपी सुप्रीमो मायावती के छोटे भाई आनंद कुमार की इकलौती बेटी और मायावती की भतीजी हैं। वह आकाश आनंद और ईशान आनंद की बहन हैं। दीपिका फिलहाल वकालत की पढ़ाई कर रही हैं और अभी तक बीएसपी में उनकी कोई औपचारिक राजनीतिक भूमिका सामने नहीं आई थी। मायावती ने अपने भतीजों आकाश आनंद और ईशान आनंद को पार्टी में कोई राजनीतिक पद या जिम्मेदारी नहीं देने की बात कही है। उन्होंने अपने छोटे भाई आनंद कुमार को अपनी बेटी कुमारी दीपिका आनंद को भविष्य की जरूरत के हिसाब से तैयार करने का सुझाव दिया है, लेकिन यह दीपिका को बीएसपी में तुरंत जिम्मेदारी देने का संकेत नहीं है।

मायावती ने आनंद को विकल्प दिया है कि उनकी बेटी दीपिका आनंद जिम्मेदारियों के लिए तैयार नहीं होती हैं, तो वो दलित समाज के किसी मिशनरी कार्यकर्ता को अपनी जिम्मेदारी सौंप सकते हैं।