ऑपरेशन नशा मुक्त नागौर: पुलिस ने 241 ग्राम अफीम और 292 ग्राम स्मैक के साथ दो तस्करों को दबोचा
ऑपरेशन नशा मुक्त नागौर: पुलिस ने 241 ग्राम अफीम और 292 ग्राम स्मैक के साथ दो तस्करों को दबोचा
NewsPoint•
नागौर जिले में 'ऑपरेशन नशा मुक्त नागौर' के तहत पुलिस ने नशे के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए दो तस्करों को गिरफ्तार किया है। मेड़तारोड थाना पुलिस ने 241.28 ग्राम अफीम के साथ एक आरोपी को पकड़ा और उसकी महिंद्रा थार गाड़ी जब्त की, जबकि श्रीबालाजी थाना पुलिस ने झालावाड़ से 292 ग्राम स्मैक के मुख्य सप्लायर को दबोचा। इन गिरफ्तारियों के साथ ही पुलिस ने सड़क सुरक्षा को लेकर भी सख्ती बरती और शराब पीकर लापरवाही से गाड़ी चलाने वाले चार लोगों पर कार्रवाई करते हुए तीन बाइक और एक बोलेरो जब्त की। पुलिस का कहना है कि यह अभियान जारी रहेगा और नशे के कारोबार में लिप्त लोगों पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
पुलिस ने 'ऑपरेशन नशा मुक्त नागौर' के तहत नशे के सौदागरों पर शिकंजा कस दिया है। मेड़तारोड थाना पुलिस ने डीएसटी टीम के साथ मिलकर एक बड़ी कामयाबी हासिल की है। 19 अगस्त को डीएसटी टीम को मुखबिर से सूचना मिली थी कि मेड़तारोड के 101 रेलवे फाटक के पास एक महिंद्रा थार गाड़ी में अवैध मादक पदार्थ ले जाया जा रहा है। इस सूचना पर पुलिस टीम तुरंत हरकत में आई और जाजड़वास रोड, कस्बा मेड़तारोड पहुंचकर संदिग्ध महिंद्रा थार को रोकने का इशारा किया। जब पुलिस ने गाड़ी की तलाशी ली, तो उनके होश उड़ गए। गाड़ी के अंदर से 241.28 ग्राम अफीम बरामद हुई। पुलिस ने तुरंत कार्रवाई करते हुए गाड़ी चला रहे आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। इतना ही नहीं, नशे के इस कारोबार में इस्तेमाल हो रही महिंद्रा थार गाड़ी को भी जब्त कर लिया गया।पुलिस के अनुसार, गिरफ्तार किए गए आरोपी की पहचान हीरालाल सोनी के रूप में हुई है, जो जोधपुर जिले के लूणी थाना क्षेत्र के भटिंडा का रहने वाला है। पुलिस अब हीरालाल सोनी से पूछताछ कर रही है। पुलिस यह जानने की कोशिश कर रही है कि वह यह अफीम कहां से लाया था और इसे कहां पहुंचाने वाला था। साथ ही, पुलिस इस पूरे तस्करी नेटवर्क के बारे में भी जानकारी जुटा रही है ताकि इस धंधे से जुड़े अन्य लोगों को भी पकड़ा जा सके।
इसी अभियान के तहत, श्रीबालाजी थाना पुलिस ने भी एक बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया है। पुलिस ने 292 ग्राम स्मैक के मामले में मुख्य सप्लायर को झालावाड़ से गिरफ्तार किया है। यह गिरफ्तारी भी 'ऑपरेशन नशा मुक्त नागौर' का ही हिस्सा है। पुलिस इस आरोपी से भी पूछताछ कर रही है ताकि नशे के इस सप्लाई नेटवर्क का पूरा खुलासा हो सके। पुलिस यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि नागौर में यह स्मैक किन लोगों तक पहुंचाई जा रही थी और इसका जाल कितना फैला हुआ है।
नशे के कारोबार पर नकेल कसने के साथ-साथ पुलिस सड़क सुरक्षा को लेकर भी गंभीर है। जिले में सड़क हादसों को रोकने के लिए पुलिस ने शराब पीकर लापरवाही से वाहन चलाने वालों के खिलाफ भी सख्त कार्रवाई की है। पुलिस ने ऐसे चार वाहन चालकों को पकड़ा है। इन लोगों के कब्जे से तीन बाइक और एक बोलेरो गाड़ी जब्त की गई है। पुलिस का साफ कहना है कि नशे में गाड़ी चलाने से सड़क दुर्घटनाओं का खतरा कई गुना बढ़ जाता है। इसलिए, ऐसे लापरवाह चालकों के खिलाफ लगातार कार्रवाई जारी रहेगी।
पुलिस अधिकारियों ने बताया कि 'ऑपरेशन नशा मुक्त नागौर' का मुख्य उद्देश्य जिले में मादक पदार्थों की तस्करी और उनके सेवन पर पूरी तरह से रोक लगाना है। इसके लिए पुलिस की अलग-अलग टीमें संदिग्ध गतिविधियों पर कड़ी नजर रख रही हैं। जो लोग भी मादक पदार्थों की बिक्री या सप्लाई से जुड़े हैं, उनकी जानकारी जुटाई जा रही है और उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जा रही है।
पुलिस ने आम जनता से भी अपील की है। अगर कहीं भी आपको नशीले पदार्थों की बिक्री या तस्करी की कोई भी जानकारी मिले, तो तुरंत पुलिस को सूचित करें। अधिकारियों का कहना है कि यह अभियान आगे भी इसी तरह जारी रहेगा और नशे के इस काले कारोबार में शामिल किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा। पुलिस तस्करी में शामिल लोगों पर सख्त से सख्त कार्रवाई करने के लिए प्रतिबद्ध है।