जयपुर मेयर सुनील कोठारी का सफाई व्यवस्था का निरीक्षण, 'वॉल्ड सिटी' में बढ़ाई गई सेवाएं
जयपुर मेयर सुनील कोठारी का सफाई व्यवस्था का निरीक्षण, 'वॉल्ड सिटी' में बढ़ाई गई सेवाएं
NewsPoint•
जोधपुर, 2 अक्टूबर। जयपुर नगर निगम के मेयर सुनील कोठारी ने नागरिक सेवाओं की समीक्षा के लिए विशेष निरीक्षण अभियान की शुरुआत की है। उन्होंने शुक्रवार रात को जयपुर के 'वॉल्ड सिटी' क्षेत्र में सफाई की व्यवस्थाओं का जायजा लिया। इस निरीक्षण में उनके साथ जयपुर की सांसद मंजू शर्मा, पार्षद अनुराधा माहेश्वरी और नगर निगम के अन्य अधिकारी भी मौजूद थे। यह निरीक्षण सांगानेरी गेट के पास हनुमान मंदिर से शुरू हुआ और मंड़ी, फिर मुख्य बाजारों में सफाई व्यवस्था को देखने के लिए जारी रहा।
मेयर ने दिनभर की व्यावसायिक गतिविधियाँ खत्म होने के बाद 'वॉल्ड सिटी' के मुख्य बाजारों में सफाई व्यवस्था का विस्तार से निरीक्षण किया। उन्होंने कचरा जमा होने की स्थिति, सफाई कर्मचारियों की तैनाती, सफाई के उपकरणों की उपलब्धता और कचरा उठाने की प्रक्रिया का प्रकार देखा। जब मेयर ने सड़क पर कचरा पाया तो उन्होंने खुद झाड़ू उठाकर साफ़ करना शुरू कर दिया। इससे साफ हो गया कि क्या सफाई व्यवस्था वास्तविकता में प्रभावी ढंग से काम कर रही है।कोठारी ने कहा, "मैं खुद रात में सफाई के काम का जायजा ले रहा हूं। सिस्टम को बेहतर बनाने के लिए जमीनी स्तर पर सफाई कर्मचारियों की चुनौतियों को समझना जरूरी है।" उन्होंने यह भी कहा कि 2 अक्टूबर से पूर्व जयपुर में सफाई के लिए विशेष उपाय किए जा रहे हैं। इससे साफ होता है कि नगर निगम के लिए मुख्य चुनौती यह है कि व्यस्त व्यावसायिक इलाकों में समय पर सफाई की जा सके।
'वॉल्ड सिटी' जयपुर का एक प्रमुख कमर्शियल और टूरिज्म क्षेत्र है, जहां दिनभर के काम के बाद बहुत सारा कचरा जमा होता है। इससे कचरा उठाने, दुकानों के बाहर सफाई करने और सफाई कर्मचारियों की तैनाती करना नगर प्रशासन के लिए बड़ी चुनौती बन जाता है। कोठारी ने इस बात पर जोर दिया कि सफाई व्यवस्था को वास्तविकता में कार्यान्वित करने के लिए अधिकारियों को कर्मचारियों की तैनाती, संसाधनों की उपलब्धता और बाजार बंद होने के बाद कचरा उठाने की प्रक्रियाओं का सही तरीके से आकलन करना होगा।
कोठारी ने यह भी कहा, "दीपोत्सव से पहले यह महत्वपूर्ण है कि दिवाली के लिए शहर को न केवल सजाया जाए, बल्कि इसे साफ-सुथरा और आकर्षक भी रखा जाए।" इस निरीक्षण का उद्देश्य यह देखना था कि नगर निगम की बनाई गई सफाई व्यवस्था जमीनी स्तर पर सही तरीके से काम कर रही है या नहीं।
कोठारी ने कहा कि जयपुर की हेरिटेज पहचान और यूनेस्को की वर्ल्ड हेरिटेज स्थिति को बनाए रखने के लिए अधिकारियों के साथ बातचीत चल रही है। उन्होंने जोर देते हुए कहा, "जयपुर का यूनेस्को हेरिटेज स्टेट्स किसी भी हाल में खोने नहीं दिया जाएगा।"
यह निरीक्षण उस समय हुआ है जब नगर निगम के सामने घनी आबादी वाले 'वॉल्ड सिटी' में सफाई व्यवस्था को बेहतर बनाने और साथ ही जयपुर की ऐतिहासिक पहचान को बचाए रखने की दोहरी चुनौती है। मेयर का यह जमीनी निरीक्षण अंततः इस बात पर निर्भर करेगा कि पहचानी गई समस्याओं को कितनी प्रभावी ढंग से हल किया जाता है और सुधारों को कैसे लागू किया जाता है।
इससे पहले, कोठारी ने कहा कि सफाई कर्मचारियों की समस्याओं को समझना आवश्यक है ताकि उनके काम में सहायता दी जा सके। उन्होंने सफाई की निगरानी को अपनी जिम्मेदारी माना और बताया कि यह अभियान रात में चलने वाला है।
कोठारी का यह कदम निश्चित रूप से जयपुर के नागरिकों के लिए सकारात्मक साबित होगा। इससे उम्मीद पैदा होती है कि नगर निगम की सफाई व्यवस्थाएँ और अधिक प्रभावी बनेंगी। इस निरीक्षण से यह बात स्पष्ट होती है कि कचरा प्रबंधन और साफ सफाई की प्रक्रिया में निरंतर सुधार की आवश्यकता है।
इस निरीक्षण का उद्देश्य साफ है: नागरिकों को एक साफ-सुथरे और स्वस्थ वातावरण की पेशकश करना। मेयर कोठारी का यह कदम शहर के विकास और स्वच्छता के प्रति उनकी प्रतिबद्धता को दर्शाता है।