कैरेबियाई क्षेत्र में ड्रग तस्करी के खिलाफ अमेरिकी साउथकॉम की बड़ी कार्रवाई, तीन नार्को टेररिस्ट ढेर
कैरेबियाई क्षेत्र में ड्रग तस्करी के खिलाफ अमेरिकी साउथकॉम की बड़ी कार्रवाई, तीन नार्को-टेररिस्ट ढेर
NewsPoint•
कैरेबियाई सागर में ड्रग्स की तस्करी के खिलाफ अमेरिकी सेना ने एक बड़ी कार्रवाई की है। अमेरिकी साउथ कमांड (साउथकॉम) के आदेश पर, जॉइंट टास्क फोर्स वेस्टर्न हेमिस्फियर ने एक तेज रफ्तार जहाज पर हमला किया, जो ड्रग्स की तस्करी में शामिल था। इस कार्रवाई में तीन लोगों की मौत हो गई, जिन्हें अमेरिकी पक्ष ने 'नार्को-टेररिस्ट' यानी ड्रग्स तस्करी से जुड़े आतंकवादी बताया है। यह घटना सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक् स’ पर साउथकॉम द्वारा साझा की गई जानकारी के अनुसार हुई।
यह कोई पहली बार नहीं है जब अमेरिकी सेना ने इस तरह की कार्रवाई की हो। इससे ठीक पहले, मंगलवार को भी पूर्वी प्रशांत महासागर में इसी तरह की एक सैन्य कार्रवाई की गई थी। उस अभियान में, ड्रग्स तस्करी के खिलाफ लड़ते हुए, नार्को-आतंकी संगठन 'लॉस चोनेरोस' के लिए काम कर रहे एक तैरते आपूर्ति स्टेशन जहाज को नष्ट कर दिया गया था।साउथकॉम ने ‘एक् स’ पर पोस्ट करते हुए बताया कि, "अमेरिकी दक्षिणी कमान (साउथकॉम) के निर्देश पर जॉइंट टास्क फोर्स वेस्टर्न हेमिस्फेयर ने कैरेबियाई क्षेत्र में मादक पदार्थों की तस्करी के लिए इस्तेमाल किए जाने वाले एक तेज रफ्तार जहाज (गो-फास्ट वेसल) के खिलाफ घातक सैन्य कार्रवाई की।" उन्होंने आगे बताया कि उन्हें पक्की खुफिया जानकारी मिली थी कि यह जहाज सक्रिय रूप से ड्रग्स की तस्करी कर रहा था। इसी पुख्ता जानकारी के आधार पर यह कार्रवाई की गई।
इस ताजा घटना में मारे गए तीन लोगों को अमेरिकी पक्ष ने 'नार्को-टेररिस्ट' करार दिया है। इसका मतलब है कि वे न केवल ड्रग्स की तस्करी में शामिल थे, बल्कि उनका संबंध आतंकवाद से भी था। यह दिखाता है कि अमेरिकी सेना ड्रग्स तस्करी को कितनी गंभीरता से ले रही है और इसे राष्ट्रीय सुरक्षा के लिए खतरा मान रही है।
इससे पहले 7 सितंबर को हुई कार्रवाई के बारे में यूएस साउथकॉम ने ‘एक् स’ पर जानकारी दी थी। उन्होंने बताया कि यूएस साउदर्न कमांड के निर्देश पर जॉइंट टास्क फोर्स वेस्टर्न हेमिस्फियर (जेटीएफ-डब् ल् यूएचईएम) की टीम ने पूर्वी प्रशांत महासागर में समुद्र के रास्ते होने वाली अवैध ड्रग तस्करी गतिविधियों का समर्थन कर रहे एक तैरते हुए आपूर्ति स्टेशन जहाज को सफलतापूर्वक रोक लिया।
बयान के अनुसार, खुफिया जानकारी से यह भी पुष्टि हुई थी कि यह जहाज हिंसक नार्को-आतंकी संगठन 'लॉस चोनेरोस' के लिए काम कर रहा था। इस जहाज पर मौजूद लोगों को हिरासत में ले लिया गया था और उन्हें इक्वाडोर के अधिकारियों को सौंपने की योजना थी। जहाज की पूरी जांच और चालक दल को सुरक्षित निकालने के बाद, अमेरिकी बलों ने उस जहाज को समुद्र में डुबो दिया। यह कार्रवाई ड्रग्स तस्करी के नेटवर्क को तोड़ने और ऐसे संगठनों पर नकेल कसने के अमेरिकी प्रयासों का हिस्सा है।