भाजपा प्रवक्ता ने अखिलेश यादव, मायावती और लालू परिवार पर साधा निशाना, जानें क्या कहा
भाजपा प्रवक्ता ने अखिलेश यादव, मायावती और लालू परिवार पर साधा निशाना, जानें क्या कहा
NewsPoint•
लखनऊ, 10 सितंबर: भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के मुख्य प्रवक्ता दिनेश प्रताप सिंह ने बहुजन समाज पार्टी (बसपा) प्रमुख मायावती द्वारा आकाश आनंद को पार्टी से निकाले जाने, समाजवादी पार्टी (सपा) प्रमुख अखिलेश यादव के एआई वीडियो, उनके रद्द हुए बुलंदशहर दौरे, आईआरसीटीसी मामले में अदालत की कार्रवाई और वंदे मातरम को लेकर चल रहे विवाद पर तीखी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने अखिलेश यादव और कांग्रेस पर जमकर निशाना साधा और कई राजनीतिक आरोप लगाए, वहीं मायावती के फैसले को पूरी तरह से उनका आंतरिक मामला बताया।
दिनेश प्रताप सिंह ने अखिलेश यादव के एआई वीडियो बनाने पर कटाक्ष करते हुए कहा कि सपा प्रमुख के पास आज कोई काम नहीं बचा है और वह सोशल मीडिया और प्रेस के अलावा कहीं दिखाई ही नहीं देते। उन्होंने आरोप लगाया कि अखिलेश यादव भाजपा और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की सरकार के कामकाज से नाराज हैं और उन्हें सरकार के विकास कार्य पसंद नहीं आ रहे हैं। भाजपा प्रवक्ता ने एआई से बनाए जा रहे वीडियो पर आपत्ति जताते हुए कहा कि अखिलेश यादव के कार्यालय में ऐसे वीडियो दिखाए जाते हैं जिन पर पार्टी कार्यकर्ता और खुद अखिलेश यादव भी हंसते हैं। उन्होंने इसे राजनीतिक मर्यादा के खिलाफ बताया और कहा कि योगी सरकार के कामकाज की आलोचना नीतियों और मुद्दों पर होनी चाहिए, न कि ऐसे हास्यास्पद तरीकों से।अखिलेश यादव के बुलंदशहर दौरे के रद्द होने पर दिनेश प्रताप सिंह ने कहा कि उन्होंने खुद जिलाधिकारी से बात की है। उन्होंने बताया कि पुलिस लाइन में बना हेलीपैड निचले स्तर पर और ढलान पर था। लगातार बारिश के कारण वहां नुकसान हुआ था। निर्माण कार्य चलने के कारण विभागीय रिपोर्ट में हेलीकॉप्टर उतारना सुरक्षित नहीं बताया गया था और दूसरे स्थान पर लैंडिंग की सलाह दी गई थी। सिंह ने दावा किया कि पश्चिमी उत्तर प्रदेश में अखिलेश यादव द्वारा राष्ट्रीय लोक दल, जयंत चौधरी और जाट समाज को लेकर की गई टिप्पणियों के कारण पार्टी को विरोध का डर सता रहा है। उन्होंने कहा कि पहले सहारनपुर की रैली रद्द हुई और अब बुलंदशहर का कार्यक्रम भी रद्द किया गया। भाजपा प्रवक्ता ने तंज कसते हुए कहा कि सपा के लिए उत्तर प्रदेश का राजनीतिक मौसम वर्ष 2027 तक खराब ही रहने वाला है।
आईआरसीटीसी से जुड़े मामले में अदालत द्वारा आरोप तय किए जाने के सवाल पर दिनेश प्रताप सिंह ने सीधे तौर पर लालू प्रसाद यादव और उनके परिवार पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि लालू परिवार से जुड़े भ्रष्टाचार के मामले कोई नए नहीं हैं और ऐसे कई मामले पहले भी सामने आ चुके हैं। उन्होंने बताया कि अदालत ने इस मामले में लालू प्रसाद यादव, राबड़ी देवी, तेजस्वी यादव और अन्य संबंधित पक्षों के खिलाफ आरोप तय किए हैं। मामले में अगली सुनवाई की तारीख भी अदालत ने निर्धारित कर दी है। भाजपा प्रवक्ता ने जोर देकर कहा कि उनकी पार्टी न्यायपालिका और संवैधानिक संस्थाओं का सम्मान करती है और अदालत पर पूरा भरोसा रखती है। उन्होंने कहा कि अगर लालू परिवार ने गलत काम किए हैं तो उन्हें उनका परिणाम भुगतना ही होगा।
जम्मू-कश्मीर के मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला द्वारा वंदे मातरम को लेकर दिए गए बयान पर दिनेश प्रताप सिंह ने उनका समर्थन किया। उन्होंने कहा कि वंदे मातरम देश के स्वतंत्रता संघर्ष से जुड़ा एक राष्ट्रीय गीत है और इसे गाते हुए अनेक देशभक्तों ने अपने प्राणों का बलिदान दिया है। उन्होंने बताया कि संसद के दोनों सदनों में इससे संबंधित नियम बनाए गए हैं और सरकारी संस्थानों के कार्यक्रमों में भी इसके गायन की व्यवस्था की गई है। उन्होंने कांग्रेस और अन्य विपक्षी दलों पर आरोप लगाया कि वे राजनीतिक कारणों से वंदे मातरम का विरोध कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि उमर अब्दुल्ला ने संवैधानिक व्यवस्था का पालन करने की बात कही है और यह एक स्वागत योग्य कदम है। विपक्षी दलों को चेतावनी देते हुए उन्होंने कहा कि जनता उनके इस रुख का जवाब जरूर देगी।
मायावती द्वारा आकाश आनंद को बसपा से बाहर किए जाने और उनके राजनीतिक भविष्य को लेकर चल रही चर्चाओं पर दिनेश प्रताप सिंह ने कहा कि बसपा की अध्यक्ष को अपनी पार्टी में किसी को शामिल करने, बाहर करने और जिम्मेदारी देने या वापस लेने का पूरा अधिकार है। उन्होंने स्पष्ट किया कि आकाश आनंद को पार्टी से बाहर करना पूरी तरह से मायावती और बसपा का आंतरिक मामला है। भाजपा किसी भी राजनीतिक परिवार या पार्टी के आंतरिक मामलों पर टिप्पणी नहीं करती है।
भाजपा प्रवक्ता ने अखिलेश यादव पर निशाना साधते हुए कहा कि सपा प्रमुख केवल सोशल मीडिया और प्रेस में ही सक्रिय रहते हैं, जबकि जमीनी हकीकत में उनका कोई काम नहीं दिख रहा है। उन्होंने कहा कि अखिलेश यादव को योगी सरकार के विकास कार्यों से दिक्कत है, जो उन्हें पसंद नहीं आ रहे हैं। दिनेश प्रताप सिंह ने कहा कि अखिलेश यादव के कार्यालय में ऐसे एआई वीडियो दिखाए जाते हैं जिन पर पार्टी के लोग और खुद अखिलेश यादव भी हंसते हैं। यह राजनीतिक मर्यादा के खिलाफ है। उन्होंने कहा कि योगी सरकार की आलोचना नीतियों और मुद्दों पर होनी चाहिए, न कि ऐसे हास्यास्पद तरीकों से।
बुलंदशहर दौरे के रद्द होने पर दिनेश प्रताप सिंह ने बताया कि हेलीपैड की स्थिति खराब थी और बारिश के कारण वह सुरक्षित नहीं था। उन्होंने यह भी कहा कि पश्चिमी उत्तर प्रदेश में अखिलेश यादव की टिप्पणियों के कारण उन्हें विरोध का डर है, इसीलिए उनके कार्यक्रम रद्द हो रहे हैं। उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि सपा के लिए 2027 तक उत्तर प्रदेश में राजनीतिक मौसम खराब ही रहेगा।
आईआरसीटीसी मामले पर दिनेश प्रताप सिंह ने लालू परिवार पर भ्रष्टाचार के आरोप लगाए और कहा कि अदालत ने उनके खिलाफ आरोप तय किए हैं। उन्होंने कहा कि भाजपा न्यायपालिका का सम्मान करती है और गलत काम करने वालों को सजा मिलनी चाहिए।
वंदे मातरम पर दिनेश प्रताप सिंह ने उमर अब्दुल्ला का समर्थन किया और कहा कि यह राष्ट्रीय गीत है और इसका सम्मान होना चाहिए। उन्होंने कांग्रेस और अन्य विपक्षी दलों पर राजनीतिक कारणों से इसका विरोध करने का आरोप लगाया।
अंत में, मायावती के फैसले पर दिनेश प्रताप सिंह ने कहा कि यह बसपा का आंतरिक मामला है और भाजपा ऐसे मामलों में दखल नहीं देती।