सदन में संग्राम के आसार

नवभारतटाइम्स.कॉम

लखनऊ नगर निगम में गुरुवार को विशेष सदन की बैठक होनी है। सपा पार्षदों में बैठक के बहिष्कार को लेकर दो राय थी। एक पक्ष सदन का बहिष्कार चाहता था, वहीं दूसरा पक्ष सदन में जाकर विरोध करने के पक्ष में था। सदन में शामिल होने वाले पार्षदों की संख्या अधिक होने पर बहिष्कार का फैसला टाल दिया गया।

sp councillors face potential confrontation in assembly strategy divided

n NBT रिपोर्ट, लखनऊ

नगर निगम में गुरुवार को विशेष सदन की बैठक को लेकर सपा पार्षद ों ने रणनीति बनाने के लिए बैठक की। नगर निगम मुख्यालय स्थित पार्षद कक्ष में बुधवार को सपा पार्षद दल के नेता कामरान बेग व उपनेता देवेंद्र सिंह यादव उर्फ जीतू की अध्यक्षता में बैठक हुई। इस दौरान सपा के 14 पार्षद भी थे। विशेष सदन में शामिल होने के लिए सपा पार्षदों के बीच दो फाड़ देखने को मिला। एक पक्ष सदन के बॉयकाट पर जोर दे रहा था, तो दूसरा पक्ष सदन में जाकर विरोध करने की बात पर अड़ा था। सदन में शामिल होने वाले पार्षदों की संख्या ज्यादा थी। इसके बाद बॉयकाट के फैसले को टाल दिया गया।

सपा प्रमुख अखिलेश यादव की मां पर मेयर की कथित टिप्पणी पर पार्षदों ने भी विरोध जताया है। विरोधस्वरूप पार्षद सदन की बैठक के बजाए नगर निगम मुख्यालय के गेट पर प्रदर्शन करने की रणनीति बना रहे थे। लेकिन बैठक में सपा के वरिष्ठ पार्षदों ने इस मुद्दे पर समर्थन से इनकार कर दिया। प्रदर्शन से पीछे हटने वाले सपा के ज्यादातर वह पार्षद हैं, जो अपने वॉर्ड से लगातार चुनाव जीत रहे हैं।

उनका तर्क है कि लोकतंत्र में विरोध करने की सही जगह सदन है इसलिए सदन में महिला सशक्तीकरण विधेयक से जुड़ी चर्चा में शामिल होंगे। उपनेता देवेंद्र सिंह यादव का कहना है कि हमारे मुखिया के खिलाफ की गई टिप्पणी से कार्यकर्ताओं में आक्रोश है इसलिए सपा सदन से दूर रहकर विरोध जताना चाह रही थी। लेकिन कुछ साथियों ने सदन में शामिल होकर विरोध करने का फैसला किया है।