n NBT रिपोर्ट, फरीदाबाद
संजय कॉलोनी में झोलाछाप डॉक्टरों के खिलाफ ड्रग कंट्रोल विभाग की बड़ी कार्रवाई में चौंकाने वाले खुलासे सामने आए हैं। इस दौरान आरोपी ने खुद को वैध चिकित्सक साबित करने के लिए बिहार इलेक्ट्रो होम्योपैथी काउंसिल का प्रमाणपत्र दिखाया, लेकिन जांच में यह पूरी तरह फर्जी निकला। इतना ही नहीं, हरियाणा होम्योपैथी काउंसिल का प्रमाणपत्र भी नकली पाया गया। विभाग की टीम ने मौके पर ही सख्त रुख अपनाते हुए संबंधित क्लिनिक के खिलाफ कार्रवाई की और फर्जीवाड़े को लेकर रिपोर्ट तैयार कर ली है।
अवैध कार्यों पर रोक लगाने का प्रयास : अधिकारियों का कहना है कि इस तरह के फर्जी डॉक्टर आम लोगों की सेहत के साथ खिलवाड़ कर रहे हैं, जिसे किसी भी हालत में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। कार्रवाई के बाद ड्रग कंट्रोल विभाग ने जिले के सभी मेडिकल स्टोर संचालकों के लिए नई गाइडलाइन जारी कर दी है। अब हर मेडिकल स्टोर पर CCTV कैमरा लगाना अनिवार्य होगा और कम से कम 30 दिनों का रेकॉर्ड सुरक्षित रखना होगा। इसका उद्देश्य दवाओं की बिक्री और गतिविधियों पर निगरानी रखना है, ताकि अवैध कार्यों पर रोक लगाई जा सके।
जिले में 2700 मेडिकल स्टोर संचालित : बताया जा रहा है कि जिले में करीब 2700 मेडिकल स्टोर संचालित हैं, जिन पर इस आदेश का सीधा असर पड़ेगा। विभाग ने स्पष्ट कर दिया है कि नियमों का पालन नहीं करने वाले मेडिकल स्टोरों के खिलाफ भी कड़ी कार्रवाई की जाएगी। स्वास्थ्य विभाग के इस कदम को आम जनता की सुरक्षा के लिहाज से अहम माना जा रहा है। अधिकारियों का कहना है कि आगे भी ऐसे अभियान लगातार चलाए जाएंगे, ताकि फर्जी डॉक्टरों और अवैध दवा कारोबार पर पूरी तरह लगाम लगाई जा सके।


