NBT रिपोर्ट, मुंबई: FY27-28 तक इंफ्रास्ट्रक्चर में निवेश 45-50% बढ़ने की उम्मीद है। Crisil Ratings के अनुसार, पश्चिम एशिया में चल रहे संघर्ष से भारत के इंफ्रास्ट्रक्चर सेक्टर पर महंगाई का दबाव बढ़ सकता है, लेकिन मजबूत घरेलू मांग और सरकारी नीतियों के समर्थन से मौजूदा और अगले वित्त वर्ष में निवेश में 45–50% की बढ़ोतरी होने की उम्मीद है। मुख्य सेक्टरों, जैसे रिन्यूएबल एनर्जी, सड़कें, रियल एस्टेट और उभरते हुए सेक्टर में निवेश बढ़कर 23–24 लाख करोड़ रुपये होने का अनुमान है। यह पिछले दो सालों में देखी गई ग्रोथ के अनुरूप है। हालांकि ये सेक्टर सीधे तौर पर भू-राजनीतिक असर से काफी हद तक सुरक्षित हैं। अगर यह संघर्ष जारी रहता है, तो इन्हें लागत का अप्रत्यक्ष दबाव झेलना पड़ सकता है।





