Hydrogen Rail Revolution Begins In Haryana Under Modis Leadership A Significant Step Towards Indias Green Development
मोदी की अगुवाई में हरियाणा में हाइड्रोजन रेल क्रांति शुरू
नवभारतटाइम्स.कॉम•
भारत आज विकास के ऐसे स्वर्णिम दौर से गुजर रहा है, जहां आधुनिक तकनीक, आत्मनिर्भरता, पर्यावरण संरक्षण और जनकल्याण एक साथ आगे बढ़ रहे हैं। माननीय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी के दूरदर्शी नेतृत्व में देश ने प्रत्येक क्षेत्र में अभूतपूर्व प्रगति की है। रेलवे क्षेत्र भी इससे अछूता नहीं रहा है। आज भारतीय रेल विश्वस्तरीय तकनीक, अत्याधुनिक सुविधाओं और पर्यावरण अनुकूल परिवहन व्यवस्था की दिशा में तेजी से आगे बढ़ रही है। इसी विकास यात्रा में हरियाणा को एक ऐतिहासिक उपलब्धि प्राप्त हुई है। देश की पहली हाइड्रोजन संचालित ट्रेन का संचालन हरियाणा के जींद-सोनीपत रेलखंड पर किया जाना केवल प्रदेश ही नहीं, बल्कि पूरे देश के लिए गर्व का विषय है। यह परियोजना विकसित भारत और ग्रीन इंडिया के संकल्प को नई मजबूती प्रदान करेगी।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सदैव इस बात पर बल दिया है कि भारत का विकास आधुनिक तकनीक, नवाचार और आत्मनिर्भरता पर आधारित होना चाहिए। इसी सोच का परिणाम है कि आज भारत स्वदेशी तकनीक के बल पर नई-नई उपलब्धियां हासिल कर रहा है। जींद-सोनीपत हाइड्रोजन ट्रेन परियोजना भारतीय रेलवे के इतिहास में एक परिवर्तनकारी पहल है। यह परियोजना दर्शाती है कि भारत अब केवल तकनीक का उपभोक्ता नहीं, बल्कि नई तकनीकों का निर्माता और विश्व को दिशा देने वाला राष्ट्र बन रहा है। पूर्णतः स्वदेशी डिजाइन, निर्माण और रूपांतरण के साथ तैयार यह ट्रेन भारतीय इंजीनियरों की क्षमता और आत्मनिर्भर भारत के संकल्प का जीवंत उदाहरण है।
यह हाइड्रोजन ट्रेन ब्रॉड गेज पर संचालित होने वाली दुनिया की सबसे लंबी हाइड्रोजन ट्रेनों में से एक होगी। लगभग 141 करोड़ रुपये की लागत से तैयार इस ट्रेन में दो ड्राइविंग पावर कार और आठ यात्री कोच होंगे। लगभग 2,400 किलोवाट की शक्ति क्षमता के साथ यह भारतीय रेलवे की सबसे शक्तिशाली हाइड्रोजन ट्रेनों में शामिल होगी। इसका सफल ट्रायल पूरा हो चुका है।
हरियाणा के लिए यह उपलब्धि इसलिए भी विशेष महत्व रखती है क्योंकि यह परियोजना प्रदेश को आधुनिक रेलवे तकनीक का केंद्र बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी। लगभग 89 किलोमीटर लंबे जींद-सोनीपत रेलखंड पर संचालित होने वाली यह ट्रेन प्रदेश की परिवहन व्यवस्था को नई पहचान देगी। इससे न केवल यात्रियों को आधुनिक सुविधाएं प्राप्त होंगी, बल्कि स्वच्छ ऊर्जा के उपयोग को भी बढ़ावा मिलेगा। आने वाले समय में ऐसी परियोजनाएं भारत को कार्बन उत्सर्जन कम करने तथा हरित विकास के वैश्विक लक्ष्यों को प्राप्त करने में भी महत्वपूर्ण योगदान देंगी।
आज हरियाणा में जो विकास दिखाई दे रहा है, वह केंद्र सरकार और राज्य सरकार के समन्वित प्रयासों का परिणाम है। हमारा राज्य इसी तरह प्रगति करता रहेगा।
मोदी जी का स्पष्ट विजन रहा है कि भारत का विकास केवल बड़े शहरों तक सीमित न रहे, बल्कि देश के प्रत्येक राज्य और प्रत्येक क्षेत्र तक आधुनिक सुविधाएं पहुंचें। इसी सोच के अनुरूप हरियाणा में रेलवे, सड़क, ऊर्जा, उद्योग और डिजिटल अवसंरचना को अभूतपूर्व गति मिली है। प्रदेश में आधुनिक परियोजनाओं का तेजी से क्रियान्वयन यह दर्शाता है कि डबल इंजन सरकार जनहित को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए भविष्य की आवश्यकताओं के अनुरूप विकास कार्यों को आगे बढ़ा रही है। हाइड्रोजन ऊर्जा भविष्य की स्वच्छ ऊर्जा मानी जाती है। इसका उपयोग न केवल पर्यावरण संरक्षण को बढ़ावा देगा, बल्कि भारत को ऊर्जा के क्षेत्र में आत्मनिर्भर बनाने में भी सहायक सिद्ध होगा। भारतीय रेलवे द्वारा हाइड्रोजन तकनीक को अपनाना इस बात का प्रमाण है कि देश भविष्य की चुनौतियों के लिए आज से ही तैयारी कर रहा है। यह पहल प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के विकसित भारत और ग्रीन इंडिया के विजन को मजबूत आधार प्रदान करती है।
आज भारत दुनिया के सामने एक ऐसे राष्ट्र के रूप में उभर रहा है, जो परंपरा और आधुनिकता का संतुलित समन्वय करते हुए विकास की नई इबारत लिख रहा है। हरियाणा इस परिवर्तनकारी यात्रा का सक्रिय सहभागी है। जींद-सोनीपत हाइड्रोजन ट्रेन परियोजना प्रदेश के युवाओं, इंजीनियरों और उद्योग जगत के लिए भी नई संभावनाओं के द्वार खोलेगी तथा आधुनिक तकनीक के क्षेत्र में रोजगार और निवेश के नए अवसर सृजित करेगी।
मुझे पूर्ण विश्वास है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी के प्रेरणादायी नेतृत्व तथा केंद्र और हरियाणा की डबल इंजन सरकार के संयुक्त प्रयासों से प्रदेश इसी प्रकार विकास के नए कीर्तिमान स्थापित करता रहेगा। जींद-सोनीपत हाइड्रोजन ट्रेन परियोजना केवल एक रेल परियोजना नहीं, बल्कि आत्मनिर्भर भारत, हरित विकास, आधुनिक तकनीक और विकसित भारत के संकल्प का सशक्त प्रतीक है।