n NBT रिपोर्ट, नोएडा
होटलों की जांच पूरी होने के बाद अभियान का दायरा बढ़ाया जाएगा। इसके तहत नोएडा, ग्रेटर नोएडा और यमुना सिटी क्षेत्र में संचालित पीजी और गेस्ट हाउसों की भी जांच की जाएगी। वहीं होटलों की जांच का दायरा भी नोएडा से आगे बढ़कर ग्रेटर नोएडा, ग्रेटर नोएडा वेस्ट, यमुना सिटी और दादरी एरिया तक जाएगा।
जिले में हजारों की संख्या में पीजी और गेस्ट हाउस संचालित हो रहे हैं। इनमें से बड़ी संख्या में ऐसे प्रतिष्ठान हैं, जहां फायर सेफ्टी नियमों का पालन नहीं किया जा रहा है। साथ ही कई पीजी और गेस्ट हाउस बिना आवश्यक अनुमति और मानकों के संचालित होने की आशंका भी है। अधिकारियों का कहना है कि जांच के दौरान फायर एनओसी, अग्निशमन उपकरणों की स्थिति, आपातकालीन निकास, अलार्म सिस्टम और अन्य सुरक्षा व्यवस्थाओं की पड़ताल की जाएगी। नियमों का उल्लंघन मिलने पर संबंधित संचालकों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। फायर विभाग का उद्देश्य संभावित हादसों को रोकना और लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित करना है। इन पीजी में बड़ी संख्या में स्टूडेंट्स रह रहे हैं।
कई पीजी ऐसे स्थानों पर हैं जहां फायर डिपार्टमेंट की गाड़ी नहीं पहुंच सकती हैं। दिल्ली और नोएडा में हाल के दिनों में आग लगने की घटनाओं के बाद गौतमबुद्ध नगर में फायर विभाग ने सुरक्षा व्यवस्था की जांच तेज कर दी है। विभाग की ओर से फिलहाल जिले के होटलों का निरीक्षण किया जा रहा है।
शुरुआती जांच में कई होटलों में फायर सेफ्टी से जुड़ी गंभीर खामियां सामने आई हैं। कहीं अग्निशमन उपकरणों की समय पर सर्विस नहीं कराई गई है तो कहीं आपातकालीन निकास और अन्य सुरक्षा मानकों का पालन नहीं हो रहा है।

