मैजिस्ट्रेट नहीं मिला, HSVP का मेगा तोड़फोड़ अभियान टला

नवभारतटाइम्स.कॉम

एचएसवीपी का बड़ा अतिक्रमण हटाओ अभियान मैजिस्ट्रेट न मिलने के कारण टल गया। विभाग ने 32 सेक्टरों में तोड़फोड़ की तैयारी की थी। यह कार्रवाई हाई कोर्ट के आदेश पर होनी थी। अब मैजिस्ट्रेट की ड्यूटी तय होते ही अभियान फिर से शुरू होगा। इसका उद्देश्य शहर को व्यवस्थित बनाना है।

magistrate not found hsvps mega demolition campaign postponed action on illegal encroachments in 32 sectors halted

n NBT न्यूज, गुड़गांव

हरियाणा शहरी विकास प्राधिकरण (HSVP) की ओर से सेक्टरों में सोमवार से शुरू होने वाला अतिक्रमण हटाओ महाअभियान आखिरी वक्त पर टल गया। विभाग ने 32 सेक्टरों में बड़े स्तर पर तोड़फोड़ की तैयारी कर ली थी लेकिन ड्यूटी मैजिस्ट्रेट नहीं मिलने से कार्रवाई शुरू नहीं हो सकी। फिलहाल इस अभियान पर ब्रेक लग गया है।

अधिकारियों के अनुसार, सेक्टरों में लंबे समय से अवैध कब्जों और निर्माणों को लेकर शिकायतें मिल रही थीं। जिन्हें ध्यान में रखते हुए एचएसवीपी ने बड़े स्तर पर योजना बनाते हुए अवैध कार शेड, रैंप, गेट, गार्ड रूम, फेंसिंग और एक्सटेंडेड वॉल जैसे अतिक्रमण हटाने का प्लान तैयार किया था। इसके लिए पांच टीमों का गठन, मशीनरी की तैनाती और पुलिस बल की व्यवस्था भी पहले से कर ली गई थी।

ड्यूटी मैजिस्ट्रेट की मौजूदगी होती है अनिवार्य : प्रशासनिक नियमों के तहत इस तरह की कार्रवाई के दौरान ड्यूटी मैजिस्ट्रेट की मौजूदगी अनिवार्य होती है। तय समय पर मैजिस्ट्रेट उपलब्ध न होने के कारण विभाग को अभियान स्थगित करना पड़ा। जैसे ही मैजिस्ट्रेट की ड्यूटी तय हो जाएगी, अभियान को शुरू कर कार्रवाई पूरी की जाएगी।

हाई कोर्ट के आदेश पर की जानी है कार्रवाई : यह पूरा अभियान पंजाब एवं हरियाणा हाई कोर्ट के निर्देशों के तहत चलाया जा रहा है। शहर में रोड के अधिकार क्षेत्र (Right of Way) और अन्य अतिक्रमण पर कार्रवाई होगी। अतिक्रमण हटाने के लिए पांच अलग-अलग टीमों का गठन किया गया है। इन्हें सेक्टरों के हिसाब से जिम्मेदारी सौंपी गई है। प्रशासन का कहना है कि इस अभियान का उद्देश्य शहर को व्यवस्थित बनाना और आम लोगों को बेहतर सुविधा देना है। आने वाले दिनों में यह ड्राइव शहर के अन्य हिस्सों में भी जारी रह सकता है।